फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Noida News: धुनुची नृत्य से गूंजा दुर्गा पंडाल

Mon, 29 Sep 2025 02:26 AM IST
नोएडा ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, नोएडा
विज्ञापन
सुबह शहर के विभिन्न पंडालों में पंडालों में षष्ठी पर कलश की स्थापना की गई।भक्ति गीतों से मां क
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
विज्ञापन

लखनऊ। लाटूश मार्ग स्थित मॉडल हाउस में राजस्थान के श्रीनाथ मंदिर की तर्ज पर सजे भव्य पंडाल में रविवार को ढाक की थाप पर महाआरती संपन्न हुई। शाम ढलते ही भक्तों की भीड़ उमड़ पड़ी और देर रात तक सांस्कृतिक कार्यक्रमों का सिलसिला चलता रहा। समापन पर श्रद्धालुओं को प्रसाद वितरित किया गया।
उधर, चारबाग स्थित रेलवे पार्क सेवा ग्राम में मानवी आदर्श सेवा समिति की ओर से दुर्गा पूजा का आयोजन किया गया। यहां धुनुची नृत्य की मनमोहक प्रस्तुति ने वातावरण को भक्तिमय बना दिया और दर्शकों ने तालियों की गड़गड़ाहट से कलाकारों का उत्साह बढ़ाया।
विज्ञापन

g षष्ठी पर कलश स्थापना, किया मां का गुणगान : सुबह शहर के विभिन्न पंडालों में पंडालों में षष्ठी पर कलश की स्थापना की गई। सुबह 11 बजे मां का भव्य शृंगार कर उत्सव पूजा समिति की ओर से जानकीपुरम सेक्टर-ई के कॉमर्शियल पार्क में षष्ठी पर कलश स्थापना की गई। भक्ति गीतों से मां का गुणगान किया गया। गोमतीनगर सार्वजनिक दुर्गा पूजा समिति की ओर से विवेक खंड में शाम सात बजे दुर्गा पूजा का आयोजन किया गया। कलाकारों ने सांस्कृतिक प्रस्तुतियों से उत्सव की रौनक बढ़ा दी। श्री महासरस्वती पूजा समिति की ओर से ग्रेन मार्केट गणेशगंज में षष्ठी पर कलश की स्थापना की गई।
विज्ञापन

g महिषासुर नृत्य में दिखा मां का रौद्र रूप : आशियाना सि्थत एलडीए कॉलोनी में रविवार को भावनी कल्चरल ग्रुप की ओर से मां दुर्गा महिषासुर नृत्य का आयोजन किया गया। इसमें मां के रौद्र रूप की अद्भुत झलक देखने को मिली। बबीता, स्वाची, प्राची, परी, जूही, खुश, आलिया, आर्या, अंकिता और शुभम ने शानदार प्रस्तुति दी। आयोजक मीठू रॉय व अन्य लोग मौजूद रहे।

सुबह शहर के विभिन्न पंडालों में पंडालों में षष्ठी पर कलश की स्थापना की गई।भक्ति गीतों से मां क

सुबह शहर के विभिन्न पंडालों में पंडालों में षष्ठी पर कलश की स्थापना की गई।भक्ति गीतों से मां क

सुबह शहर के विभिन्न पंडालों में पंडालों में षष्ठी पर कलश की स्थापना की गई।भक्ति गीतों से मां क

सुबह शहर के विभिन्न पंडालों में पंडालों में षष्ठी पर कलश की स्थापना की गई।भक्ति गीतों से मां क

सुबह शहर के विभिन्न पंडालों में पंडालों में षष्ठी पर कलश की स्थापना की गई।भक्ति गीतों से मां क

सुबह शहर के विभिन्न पंडालों में पंडालों में षष्ठी पर कलश की स्थापना की गई।भक्ति गीतों से मां क

सुबह शहर के विभिन्न पंडालों में पंडालों में षष्ठी पर कलश की स्थापना की गई।भक्ति गीतों से मां क

सुबह शहर के विभिन्न पंडालों में पंडालों में षष्ठी पर कलश की स्थापना की गई।भक्ति गीतों से मां क

सुबह शहर के विभिन्न पंडालों में पंडालों में षष्ठी पर कलश की स्थापना की गई।भक्ति गीतों से मां क

सुबह शहर के विभिन्न पंडालों में पंडालों में षष्ठी पर कलश की स्थापना की गई।भक्ति गीतों से मां क

सुबह शहर के विभिन्न पंडालों में पंडालों में षष्ठी पर कलश की स्थापना की गई।भक्ति गीतों से मां क

सुबह शहर के विभिन्न पंडालों में पंडालों में षष्ठी पर कलश की स्थापना की गई।भक्ति गीतों से मां क

सुबह शहर के विभिन्न पंडालों में पंडालों में षष्ठी पर कलश की स्थापना की गई।भक्ति गीतों से मां क

सुबह शहर के विभिन्न पंडालों में पंडालों में षष्ठी पर कलश की स्थापना की गई।भक्ति गीतों से मां क

सुबह शहर के विभिन्न पंडालों में पंडालों में षष्ठी पर कलश की स्थापना की गई।भक्ति गीतों से मां क

सुबह शहर के विभिन्न पंडालों में पंडालों में षष्ठी पर कलश की स्थापना की गई।भक्ति गीतों से मां क

सुबह शहर के विभिन्न पंडालों में पंडालों में षष्ठी पर कलश की स्थापना की गई।भक्ति गीतों से मां क

सुबह शहर के विभिन्न पंडालों में पंडालों में षष्ठी पर कलश की स्थापना की गई।भक्ति गीतों से मां क

सुबह शहर के विभिन्न पंडालों में पंडालों में षष्ठी पर कलश की स्थापना की गई।भक्ति गीतों से मां क

सुबह शहर के विभिन्न पंडालों में पंडालों में षष्ठी पर कलश की स्थापना की गई।भक्ति गीतों से मां क

सुबह शहर के विभिन्न पंडालों में पंडालों में षष्ठी पर कलश की स्थापना की गई।भक्ति गीतों से मां क

सुबह शहर के विभिन्न पंडालों में पंडालों में षष्ठी पर कलश की स्थापना की गई।भक्ति गीतों से मां क

सुबह शहर के विभिन्न पंडालों में पंडालों में षष्ठी पर कलश की स्थापना की गई।भक्ति गीतों से मां क

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें