कानपुर। पुलिस कमिश्नर रघुवीर लाल की सख्ती के बावजूद सचेंडी क्षेत्र में पटाखा बनना जारी रहा। इसका नतीजा शुक्रवार शाम को विस्फोट के रूप में सामने आया जिसमें 50 वर्षीय अधेड़ गंभीर रूप से झुलस गया। उसका उर्सला अस्पताल में इलाज चल रहा है।
मूलगंज के बिसातखाना में खिलौना दुकान के बाहर विस्फोट हुआ था जिसमें आठ लोग झुलस गए थे। पुलिस कमिश्नर रघुवीर लाल ने घटनास्थल पर पहुंचकर कार्रवाई का निर्देश दिया था। उन्होंने थाना प्रभारियों को क्षेत्र में अवैध तरीके से पटाखों की बिक्री और उससे जुड़े लोगों के खिलाफ कार्रवाई के लिए कहा था। उनके निर्देश पर अगले ही दिन फजलगंज, यशोदानगर, नजीराबाद, गोविंदनगर, मूलगंज, कोतवाली समेत अन्य क्षेत्रों में पटाखे की दुकानें और गोदाम में छापेमारी हुई। अब तक डेढ़ क्विंटल के आसपास पटाखे जब्त किए जा चुके हैं। सख्ती के बावजूद सचेंडी में चोरी छिपे पटाखा बनाने का खेल जारी रहा। घटनास्थल पर बारूद, सुतली बम, मौरंग व गिट्टी और अन्य सामग्री मिली है।
कोतवाली और मूलगंज में मिले पटाखे
पुलिस ने शनिवार को कोतवाली क्षेत्र से 40 और मूलगंज क्षेत्र से 60 किलो पटाखे बरामद किए हैं। कोतवाली इंस्पेक्टर जगदीश प्रसाद पांडेय ने बताया कि मेस्टन रोड स्थित बीच वाले मंदिर के नजदीक हरबंश मोहाल निवासी अटैची कारोबारी राहुल के यहां पटाखे रखे हुए थे। उनके खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है। मूलगंज में दो गोदाम से पटाखे मिले हैं। उनके मालिकों के बारे में मूलगंज पुलिस जांच कर रही है।