रक्षा मंत्रालय ने जेवर के अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के लिए यमुना एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण से रिपोर्ट देने को कहा है। मंत्रालय ने पूछा है कि कोई ऐतिहासिक इमारत या अन्य कोई रोड़ा एयरपोर्ट बनाने की राह में तो नहीं आ रहा है।
वहीं मामले मे प्राधिकरण सर्वे ऑफ इंडिया से सर्वे कराकर उसकी रिपोर्ट के साथ अपना जवाब जल्द सौंपने की तैयारी में जुट गया है। मालूम हो कि जेवर में अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के लिए इस वर्ष की बोर्ड बैठक में प्राधिकरण की ओर से ढाई हजार हेक्टेयर भूमि को सुरक्षित कर लिया गया था।
एनसीआर क्षेत्र में इंटरनेशनल एयरपोर्ट के लिए रक्षा मंत्रालय की ओर से नो ऑब्जेक्शन सर्टिफिकेट मिलना जरूरी होता है। इसके लिए पिछले दिनों प्राधिकरण के सीईओ डॉ. अरुणवीर सिंह ने रक्षा मंत्रालय में सचिव से मुलाकात भी की थी।
प्राधिकरण की मांग के बाद पर रक्षा मंत्रालय ने मामले में रिपोर्ट मांगी है। माना जा रहा है कि सर्वे रिपोर्ट अनुकूल रहा तो रक्षा मंत्रालय एयरपोर्ट के लिए हरी झंडी दे सकता है। जिसके बाद यहां एयरपोर्ट बनाने का रास्ता खुल सकता है।