नौकर ने साथियों संग 92 वर्षीय बुजुर्ग का गला रेता
बदरपुर में वारदात, कमरे में आई बहू का भी गला दबाने की कोशिश
- उज्जैन जाने के लिए बल्लभगढ़ स्टेशन पहुंचा आरोपी और दो साथी गिरफ्तार
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। बदरपुर इलाके में मंगलवार रात नौकर ने अपने दो साथियों के साथ मिलकर लूटपाट के लिए 92 वर्षीय बुजुर्ग की गला काटकर हत्या कर दी। आरोपियों ने बुधवार सुबह कमरे में आई बुजुर्ग की बहू का भी गला दबाने की कोशिश की थी। बदरपुर थाना पुलिस ने नौकर और उसके दो साथियों को बल्लभगढ़ रेलवे स्टेशन से पकड़ लिया। तीनों वहां से मध्य प्रदेश के उज्जैन भागने की फिराक में थे।
दक्षिण-पूर्व जिला डीसीपी चिन्मय बिश्वाल ने बताया कि मोलड़बंद एक्सटेंशन, बदरपुर में 92 वर्षीय चंद्रभान की गला काटकर हत्या की सूचना बुधवार सुबह साढ़े आठ बजे मिली। सूचना उनके पोते कपिल (36) ने दी। कपिल की मां सरोज गर्ग (58) चंद्रभान के कमरे में गईं तो वे मृत पड़े थे। सरोज ने शोर मचाया तो नौकर व उसके दो साथियों ने उनका भी गला दबाने की कोशिश की। आवाज सुनकर कपिल नीचे आने लगा तो नौकर व उसके दोनों साथी फरार हो गए। घायल सरोज गर्ग को एम्स ट्रॉमा सेंटर में भर्ती कराया गया है।
बदरपुर पुलिस की टीम ने पड़ोसियों व पीड़ित परिवार के सदस्यों से पूछताछ की तो पता लगा कि घटनास्थल पर नौकर दो साथियों के साथ था। पुलिस ने नौकर व उसके साथियों को बल्लभगढ़ रेलवे स्टेशन से बुधवार शाम पकड़ लिया। डीसीपी चिन्मय बिश्वाल ने बताया कि नौकर व उसके दोनों साथी नाबालिग होने का दावा कर रहे हैं। उनकी उम्र का पता किया जा रहा है। इस कारण तीनों आरोपियों के नामों का खुलासा नहीं किया गया है।
अपाहिज होने पर बेटे ने रखा था नौकर
कपिल के ताऊ के बेटे अशोक ने बताया कि चंद्रभान का एक ही बेटा सुरेंद्र है। सुरेंद्र कुछ वर्ष पहले अपाहिज हो गए थे। ऐसे में पिता की देखभाल के लिए उन्होंने नौकर रखा था। सुरेंद्र के पिता चंद्रभान ग्राउंड फ्लोर पर ही रहते थे। नौकर उनके साथ ही सोता था। नौकर का पुलिस वेरीफिकेशन नहीं कराया गया था। चंद्रभान इस घर में पहले छोटा सा होटल चलाते थे।
नौकर ने उज्जैन से बुलाए थे साथी
नौकर ने बुजुर्ग को लूटने की साजिश कई दिन पहले रच ली थी। उसने दोनों साथियों को 26 नवंबर को उज्जैन से दिल्ली बुला लिया था। उसने इन दोनों को बुजुर्ग के साथ ही घर में ठहराने की इजाजत मांगी, मगर परिवार ने मना कर दिया था। इसके बाद दोनों साथी तुगलकाबाद रेलवे स्टेशन चले गए और वहां ठहरे थे।
मेन गेट बंद होने से नहीं भाग सके थे
नौकर के दोनों साथी 27 नवंबर की शाम साढ़े सात बजे नौकर के पास पीड़ित के घर में आ गए। आरोपियों ने रसोई में इस्तेमाल होने वाले चाकू से बुजुर्ग की गला काटकर हत्या कर दी। रात में मेन गेट बंद हो गया तो वे भाग नहीं सके। साथ ही लूटपाट भी नहीं कर सके और रातभर घर में ही रहे। सुबह जब सरोज गर्ग पोते को स्कूल छोड़कर आ रही थीं तो बुजुर्ग को कमरे में मृत पड़ा देखा। इसके बाद उन्होंने शोर मचाया।