माई सिटी रिपोर्टर
ग्रेटर नोएडा। सेक्टर-58 थाना क्षेत्र में दहेज के लालच में महिला की कथित हत्या के मामले में सत्र न्यायाधीश की अदालत ने देवर अफसर की जमानत याचिका खारिज कर दी। अदालत ने कहा कि मामला गंभीर प्रकृति का है और प्रथम दृष्टया आरोपी की कथित अपराध में संलिप्तता से इनकार नहीं किया जा सकता।
वादी शकील ने अपनी बहन रुखसार की मौत को लेकर प्राथमिकी दर्ज कराई थी। रुखसार की शादी 22 फरवरी 2019 को सरताज के साथ हुई थी। शिकायत में आरोप लगाया गया कि सरताज, उसके भाई मुमताज, देवर सराफत और अफसर, सास नूरजहां और ससुर लल्लन दहेज में मिले सामान से खुश नहीं थे और 5 लाख रुपये की अतिरिक्त मांग कर रहे थे। घटना से एक सप्ताह पहले आरोपियों ने वादी के घर आकर दहेज की मांग की थी। 16 अक्तूबर को रुखसार ने फोन पर बताया कि उसे जान से मारने की धमकी दी जा रही है। अगले दिन 17 अक्तूबर को लोगों द्वारा जानकारी मिली कि रुखसार ने फंदा लगा लिया है। अदालत ने दोनों पक्षों को सुनने के बाद कहा कि अफसर मृतका के पति के साथ व्यापार करता था और मृतका की हत्या के बाद दूसरा विवाह कराकर पैसा लेने की योजना बनाई गई थी। जिसमें आरोपी समान रूप से शामिल था। इसलिए जमानत देना उचित नहीं है।