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Noida News: कुएं पर जलाभिषेक से रोकने पर विवाद, थानेदार ने कांवड़िये को जूते मारने की दी धमकी

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कुएं पर जलाभिषेक से रोकने पर विवाद, थानेदार ने कांवड़िये को जूते मारने की दी धमकी
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- पुलिस कमिश्नर ने दिए विभागीय जांच के आदेश, दो पक्षों के 36 लोग मुचलका पाबंद
- पुलिस बोली, माहौल बिगड़ने से बचाने के लिए विवादित स्थल पर जल चढ़ाने से रोका
माई सिटी रिपोर्टर
ग्रेटर नोएडा/दादरी। एक तरफ सीएम योगी और पुलिस अधिकारी कांवड़ियों पर फूल वर्षा कर उनका स्वागत कर रहे हैं, वहीं दूसरी ओर बादलपुर के थानेदार ने एक कांवड़िये को जूते मारने की धमकी दी है। गांव शादीपुर छिडौली में प्राचीन कुएं पर जलाभिषेक से रोकने को लेकर हुए विवाद के दौरान हुई इस घटना से ग्रामीणों व श्रद्धालुओं में नाराजगी है। धमकी का वीडियो वायरल होने पर पुलिस कमिश्नर ने थानेदार के खिलाफ विभागीय जांच शुरू करवा दी है। हालांकि पुलिस का कहना है कि सरकारी जमीन को लेकर दो पक्षों में विवाद चल रहा है। एक पक्ष यहां धार्मिक स्थल बनाना चाह रहा है। विवादित स्थल पर जल चढ़ाने का प्रयास किया जा रहा था। माहौल खराब होने से बचाने के लिए उन्हे रोका गया। गांव में पुलिस-पीएसी तैनात कर दी गई है।
ग्रामीणों ने बताया कि शादीपुर छिडौली गांव के मनोज कुमार, नेपाल सिंह, जग्गू देवी , तारा सिंह, शिवम, मन्नू, नितेश, अभिमन्यु समेत 12 कावड़िये हरिद्वार से गंगाजल लेकर शनिवार शाम गांव पहुंच गए थे। कांवड़िये गांव के प्राचीन कुएं पर जल चढ़ाने पहुंचे तो पुलिस ने उन्हें रोक दिया। ग्रामीणों का कहना है कि गांव में कोई कुआं नहीं है। इसी प्राचीन कुएं पर पूजन आदि के कार्य हमेशा से किए जाते रहे हैं। कांवड़िये भी यहां जल चढ़ाते हैं। लेकिन पुलिस के रोकने पर कांवड़िये पड़ोस के गांव न्यातपुर स्थित शिव मंदिर में जल चढ़ाने चले गए। रविवार को एक बार फिर कांवड़ियों ने प्राचीन कुएं पर जल चढ़ाने जाने का प्रयास किया। इसे लेकर कांवड़ियों व ग्रामीणों की पुलिस से नोकझोंक हुई। आरोप है कि एक कांवड़िये को थानेदार ने धमकी दी। किसी ग्रामीण ने वीडियो बनाकर घटना को वायरल कर दिया।
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गली से गुजरने पर भी रोका
ग्रामीणों का आरोप है कि प्राचीन कुंए पर जल चढ़ाने से पुलिस के रोकने पर कांवड़िये मान गए थे। इसके बाद उन्हें पुलिस ने उस गली से गुजरने से रोक दिया, जो उनके घर और कुएं की तरफ जाती है। इस बात का कांवड़ियों व ग्रामीणों ने विरोध किया।
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7 जुलाई को मंदिर बनाने के प्रयास के बाद शुरू हुआ विवाद
डीसीपी अनिल यादव का कहना है कि सात जुलाई को महेन्द्र पाल की देखरेख में गांव के पाल समाज और हिन्दू समाज के अन्य ग्रामीणों ने पुराना कुंआ की लगभग 50 ग़ज़ जगह पर शिव मन्दिर बनाने का प्रयास किया था। मोहल्ले के मुस्लिम समाज के लोगों ने इसका विरोध किया था। ग्राम प्रधान अब्दुल रउफ व इकबाल ने मन्दिर निर्माण दूसरी जगह करने की बात कही। आठ जुलाई को एसडीएम दादरी व सहायक पुलिस आयुक्त द्वितीय के नेतृत्व में दोनो समुदायों के साथ बैठक की गई थी।
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