लाखामंडल ग्राम सभा की खुली बैठक में हुए विवाद के बाद भाजपा की क्वांसी मंडल की पूर्व उपाध्यक्ष बचना शर्मा के खिलाफ दो मुकदमे दर्ज किए गए हैं।
पहले मामले में एक व्यक्ति ने बचना शर्मा और उनके पति ओमप्रकाश पर मारपीट और गाली-गलौज करने का आरोप लगाया है। दूसरे व्यक्ति का आरोप है कि बचना शर्मा ने उनकी बेटी व परिवार के खिलाफ सोशल मीडिया पर अभद्र टिप्पणी की। चकराता कोतवाली पुलिस दोनों मामलों की जांच कर रही है।
कोतवाली प्रभारी चंद्रशेखर नौटियाल ने बताया कि लाखामंडल निवासी विरेंद्र भट्ट ने बृहस्पतिवार को तहरीर दी। उन्होंने बताया कि बीती आठ अक्तूबर को लाखामंडल स्थित शिव मंदिर परिसर में ग्रामसभा की बैठक चल रही थी।
बैठक में ग्रामसभा के लोगों के साथ बचना शर्मा और उनके पति ओमप्रकाश भी मौजूद थे। जैसे ही बैठक में उन्होंने अपनी बात रखी तो बचना शर्मा और ओमप्रकाश आग बबूला हो गए। दोनों ने उसके साथ मारपीट की, उन्हें जिंदा जलाने की धमकी दी।
वह शाम को बचना शर्मा और उनके पति ओमप्रकाश के खिलाफ लाखामंडल पुलिस चौकी में रिपोर्ट दर्ज करवाने गए तो कुछ देर बाद वह दोनों भी चौकी में आ गए। चौकी के बाहर भी दोनों ने उनके साथ जूते-चप्पलों से मारपीट की।
दूसरे मामले में खुशीराम गौड़ निवासी लाखामंडल ने शिकायत दी। उन्होंने बताया कि बचना शर्मा ने सोशल मीडिया पर उनकी बेटी समेत परिवार के लिए अभद्र टिप्पणी की है। जिससे उनका परिवार मानसिक उत्पीड़न से जूझ रहा है। दोनों मामलों में संबंधी धाराओं में दोनों आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। मामलों की जांच की जा रही है।
वहीं, बचना शर्मा का आरोप है कि गांव के ही रहने वाले दो भाई उनका विरोध करवा रहे हैं। दोनों कहते हैं कि ग्राम प्रधान को पूर पांच वर्ष काम नहीं करने देंगे। दोनों ने शराब पीकर उनके साथ लड़ाई-झगड़ा भी किया। दोनों पंचायत चुनाव में मिली हार से बौखलाएं हुए हैं। मुकदमे दर्ज करवाने की योजना के मास्टमाइंड यही दोनों भाई हैं।