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Noida News: चोरी की कार के साथ ब्लॉक प्रमुख का बेटा गिरफ्तार, भेजा गया जेल

Sun, 30 Nov 2025 12:26 AM IST
नोएडा ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, नोएडा
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चोरी की कार के साथ गिरफ्तार ब्लाक प्रमुख का बेटा और साथ में पुलिस टीम । स्रोत - पुलिस
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सेमरियांवा/लोहरौली। दुधारा थाने की पुलिस ने चोरी के चारपहिया वाहन के साथ ब्लाॅक प्रमुख सेमरियांवा मजहरुन्निशा के पुत्र मुश्ताक अहमद को गिरफ्तार किया है। इस कार्रवाई से सेमरियांवा क्षेत्र की राजनीतिक सरगर्मी तेज हो गई है। शनिवार को आरोपी को कोर्ट में पेश किया गया। वहां से उसे जेल भेज दिया गया।
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अपर पुलिस अधीक्षक सुशील कुमार सिंह ने बताया कि दुधारा थाने के उपनिरीक्षक सुरेंद्र प्रसाद टीम के साथ शनिवार की रात करीब एक बजे वाहनों की जांच कर रहे थे। उसी दौरान मुखबिर ने सूचना दी कि एक व्यक्ति चोरी की गाड़ी लेकर अस्पताल तिराहे पर किनारे खड़ा है। पुलिस टीम मौके पर पहुंची और उस व्यक्ति से वाहन के बारे में पूछा। ड्राइविंग सीट पर बैठे व्यक्ति ने बताया कि वह दुधारा थानाक्षेत्र के सुकरौली निवासी मुश्ताक अहमद है। उससे वाहन के कागजात मांगे गए।
उसने जो कागजात दिखाया उसे ई-चालान एप के जरिये चेक करने पर वाहन लखनऊ के एक व्यक्ति के नाम पंजीकृत मिला। उस व्यक्ति ने बताया कि उसका वाहन तो उसके घर में खड़ा है। उसने अपने वाहन का फोटो भी व्हाट्सएप पर दिया। इसके बाद पुलिस ने वाहन के चेसिस नंबर के आधार पर जांच की तो वाहन दिल्ली निवासी एक लड़की का निकला। उसने भी बताया कि उसका वाहन उसके घर में मौजूद है।
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इसके बाद मुश्ताक अहमद से कड़ाई से पूछताछ की गई। मुश्ताक अहमद ने बताया कि उसने लखनऊ से चोरी की गाड़ी खरीदी थी। गाड़ी को कूटरचित कागजों के आधार पर चला रहा था। वाहन को सीज कर मुश्ताक अहमद को गिरफ्तार कर लिया गया। उसे न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया। आरोपी पर जालसाजी, बेईमानी व अन्य मामलों में छह प्राथमिकी दर्ज हैं।
सुरक्षा वार्ता के बहाने बुलाकर की गई गिरफ्तारी
संतकबीरनगर। ब्लाॅक प्रमुख मजहरुन्निशा ने आरोप लगाया है कि राजनीतिक साजिश के तहत मेरे बेटे को फंसाया गया है। 16 दिसंबर को क्षेत्र पंचायत की होने वाली बैठक के लिए सुरक्षा वार्ता के बहाने बुलाकर गिरफ्तारी की गई है। राजनीतिक प्रतिद्वंद्वियों से सांठगांठ करके ब्लाॅक के कार्यों में अवरोध पैदा करने की साजिश है। पुलिस इसमें मोहरा बनी हुई है। लेकिन, हम इस तरह की प्रताड़ना से झुकने वाले नहीं हैं। उन्होंने मामले की निष्पक्ष तरीके से जांच की मांग की है। उन्होंने इस आशय का पत्र मुख्यमंत्री, पंचायती राज एवं अल्पसंख्यक कल्याण मंत्री, पुलिस महानिदेशक और एसपी को भेजा है।
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