दादरी-सूरजपुर-छलेरा (डीएससी) मार्ग पर जाम से राहत देने के लिए बन रहे भंगेल एलिवेटेड रोड के डिजाइन में बदलाव के लिए हरी झंडी मिल गई है। 5.50 किलोमीटर लंबे एलिवेटेड रोड को और सेक्टरों से जोड़ने के लिए विश्वकर्मा मार्ग चौराहे पर चढ़ने-उतरने के लूप बनाए जाएंगे। प्राधिकरण ने इसकी मंजूरी दी है। लूप बनने से एक लाख लोगों की राह आसान होगी। हालांकि, ऐसा करने से परियोजना का बजट 50 करोड़ रुपये तक बढ़ जाएगा।
डीएससी मार्ग पर सेक्टर-41 से एनएसईजेड के बीच छह लेन का एलिवेटेड रोड जून 2023 तक बनकर तैयार होने की उम्मीद है। 468 करोड़ रुपये की लागत से बन रहे इस रोड के बीच में कहीं भी उतरने चढ़ने के लिए लूप का प्रावधान नहीं किया गया था। अब परिस्थितियां काफी बदल गई हैं। सेक्टर-74, 75, 76, 77, 78, 79 (सेवन एक्स) सहित 20 से अधिक सेक्टरों में बसी घनी आबादी का सफर आसान बनाने के लिए डीएससी मार्ग के विश्वकर्मा चौराहे पर एलिवेटेड रोड के लिए लूप बनेंगे। इसका डिजाइन पहले ही फाइनल हो चुका है। अब इसे बनाने की मंजूरी मिल गई है।
परियोजना में सालभर की देरी
भंगेल-सलारपुर के भीषण जाम से छुटकारा पाने के लिए अभी और इंतजार करना होगा। परियोजना का करीब दो किलोमीटर लंबा हिस्सा सितंबर-2021 तक बनाकर जनता को समर्पित करने का दावा प्राधिकरण ने किया था। छह लेन का एलिवेटेड रोड आधा बनने पर करीब 1.5 लाख वाहनों की राह आसान होनी थी, लेकिन परियोजना में देरी के कारण सालभर भी ऐसा नहीं हो पाया है। परियोजना की समयसीमा दिसंबर 2022 से बढ़ाकर जून 2023 कर दी गई है।
रूट डायवर्जन से मिल रही राहत
निर्माण के कारण ढाई साल से लोगों को डायवर्जन की मार झेलनी पड़ रही है। हालांकि, एलिवेटेड रोड के 140 से ज्यादा पिलर तैयार हो गए हैं। 800 मीटर के दायरे में गर्डर/बीम का काम हो गया है। अब धीरे-धीरे डायवर्जन से राहत देने का काम शुरू हो गया है। सेक्टर-41 से विश्वकर्मा चौराहे तक सड़क को खोल दिया गया है। अगले कुछ ही दिन में 300 मीटर आगे का रास्ता खोला जाएगा।