नोएडा समेत पूरे पश्चिमी उत्तर प्रदेश की बहुप्रतिक्षित सबसे बड़ी परियोजना नोएडा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर कॉमर्शियल फ्लाइट का संचालन अब बस कुछ ही दिन दूर है। ब्यूरो ऑफ सिविल एविएशन सेफ्टी (बकास) की टीम की हरी झंडी के बाद ही एयरोड्रम लाइसेंस मिलना था। कार्गो सेवा के लिए बकास पहले ही सर्टिफिकेट नोएडा एयरपोर्ट को दे चुका है। अब संपूर्ण सेवाओं के लिए सुरक्षा जांच नोएडा एयरपोर्ट पर की जानी थी। नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट प्रबंधन (एनआईए) की ओर से कार्य पूरा होने का दावा करते हुए टीम को दौरे के लिए आमंत्रित किया गया था।
सोमवार को टीम ने संपूर्ण एयरपोर्ट की सुरक्षा और व्यवस्था का निरीक्षण किया। इस दौरान टीम ने यात्रियों के एंट्री प्वाइंट और सुरक्षा जांच का निरीक्षण किया। इसके बाद सभी डेस्क पर कर्मियों की संख्या, लगेज जांच, लगेज यात्रियों तक पहुंचना, यात्रियों की सुरक्षा-व्यवस्था, बोर्डिंग पास सिस्टम, लिफ्ट, एस्कलेटर, एयर साइड पर यात्रियों की बोर्डिंग, विमानों से यात्रियों को लाने ले जाने का इंतजाम, स्वच्छता व्यवस्था और सभी शिफ्ट कर्मियों और बैकअप कर्मियों की जानकारी की। इसके अलावा विमानों का आवागमन और पूरी व्यवस्था का जायजा लिया। अब ब्यूरो ऑफ सिविल एविएशन सेफ्टी की टीम डीजीसीए को अपनी रिपोर्ट प्रस्तुत करेगी। माना जा रहा है कि रिपोर्ट के आधार पर इसी सप्ताह एयरपोर्ट को एयरोड्रम लाइसेंस मिल सकता है।
लाइसेंस मिलते ही शुरू हो जाएगी टिकट बुकिंग
डीजीसीए के एयरोड्रम लाइसेंस जारी करने के साथ ही एयरलाइंस अपनी टिकट बुकिंग शुरू कर सकेंगी। पहले चरण में देश के दस बड़े शहरों के लिए कॉमर्शियल फ्लाइट शुरू की जाएगी। इनमें अहमदाबाद, मुंबई, बंगलूरू, लखनऊ, वाराणसी समेत अन्य शहर होंगे। शुरुआत में एयर इंडिया के साथ-साथ इंडिगो और अकासा एयर की भी विमान सेवा शुरू हो सकती हैं।
लाइसेंस मिलने के बाद मिलेगी उद्घाटन की तिथि
एयरोड्रम लाइसेंस मिलने के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से उद्घाटन की तिथि मांगी जाएगी। अनुमान है कि 27 को नोएडा आ रहे मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ स्वयं एयरपोर्ट का निरीक्षण कर सकते हैं। इसके बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को उद्घाटन के लिए स्वयं आमंत्रण देने जा सकते हैं।