-पुलिस कमिश्नर के निर्देश पर देवर, पति समेत अन्य ससुराल वालों पर प्राथमिकी दर्ज
संवाद न्यूज एजेंसी
दनकौर। कोतवाली क्षेत्र के एक गांव में रहने वाली विवाहिता की जिंदगी उस समय बुरी तरह बदल गई, जब उसने अपने ही देवर पर दुष्कर्म का आरोप लगाते हुए न्याय की गुहार लगाई। आरोप है कि हिम्मत जुटाकर जब उसने यह बात पति और ससुराल वालों को बताई, तो उसे न्याय दिलाने के बजाय तीन तलाक का फरमान सुना दिया और घर से निकाल दिया। पीड़िता की चीखें जब स्थानीय स्तर पर अनसुनी रहीं, तो मामला पुलिस कमिश्नर तक पहुंचा। उच्चाधिकारियों के दखल के बाद पुलिस ने देर से ही सही, पति समेत देवर, सास, जेठ और ननद के खिलाफ गंभीर धाराओं में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। गांव में यह मामला लगातार चर्चा का विषय बना हुआ है।
पीड़िता ने शिकायत में कहा है कि नवंबर 2023 में उसकी व सगी बहन की शादी बुलंदशहर के गुलावठी निवासी दो सगे भाइयों से हुई थी। पिता ने करीब 80 लाख रुपये शादी में दान दहेज में खर्च किये थे। शादी के अगले दिन से ही उसका देवर छेड़छाड़ करने लगा था, लेकिन वह उसकी हरकतों की अनदेखी करती रही। 23 जुलाई 2024 को उसका पति बीमार हो गया, जिससे वह दवाई लेने चला गया था। वह कमरे में अकेली सो रही थी, तभी देवर ने चाकू के बल पर उसके साथ दुष्कर्म किया। पीड़िता ने घटना की जानकारी पति समेत सभी ससुरालियों को दी, लेकिन आरोपियों ने दोनों बहनों के गहने और लाखों रुपये छीनकर मारपीट की और पति ने तीन तलाक देकर घर से भगा दिया। अब पीड़िता का पति आए दिन हत्या करने की धमकी दे रहा है, जिससे दोनों बहनें डरी हुई हैं। कोतवाली प्रभारी मुनेंद्र सिंह का कहना है कि पति, देवर, सास, दो जेठ और दो ननद के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की है।