मूलरूप से बिजनौर निवासी नर्स ने शाहबेरी निवासी युवक से धर्म और नाम परिवर्तन कर कोर्ट मैरिज की। आरोप है कि शादी के दो दिन बाद ही पीड़िता का उत्पीड़न शुरू कर दिया गया। आरोपी और उसके परिजन ने अतिरिक्त दहेज की मांग को लेकर पीड़िता से मारपीट की और घर से निकाल दिया।
आरोप है कि युुवक फिर से निकाह की कोशिश में है। इसकी जानकारी मिलने पर पीड़िता ने बिसरख कोतवाली में शिकायत दर्ज कराई है। पुलिस ने पीड़िता की शिकायत पर पति अली रजा समेत चार ससुराल वालों पर केस दर्ज कर जांच शुरू की है।
महिला ने बताया कि वह गाजियाबाद के एक निजी अस्पताल में नर्स थी। माता-पिता की मृत्यु हो चुकी है। दो माह पहले शाहबेरी निवासी अली रजा से कोर्ट मैरिज की थी। आरोप है कि शादी के लिए उसका धर्म और नाम बदलकर अलिया रख दिया गया। दो दिन बाद से अली रजा की मां ने पीड़िता को रसोई में घुसने देने से मना कर दिया और अतिरिक्त दहेज की मांग करने लगी।
मांग पूरी न होने पर पीड़िता से मारपीट की गई और गला भी दबाया गया। अस्पताल जाने से कहीं उन्हें कोरोना न हो जाए उसकी नौकरी भी छुड़वा दी गई। एक माह बाद उसे घर से निकाल दिया गया। अब पीड़िता शाहबेरी में किराए के मकान में रह रही है, वह किराया भी नहीं दे पा रही है।
केस दर्ज न कराने की शर्त पर निकाह
पीड़िता ने बताया कि अली रजा से उसकी मुलाकात दो साल पहले हुई थी। इसके बाद आरोपी ने उसे शादी का झांसा दिया और फिर पलट गया। पीड़िता ने बिसरख कोतवाली में शिकायत दी। जिसके बाद आरोपी ने शिकायत वापस लेने की शर्त पर उससे निकाह किया।
आरोपी बोला, रुपये ऐंठने चाहती है
आरोपी अली रजा का कहना है कि महिला उससे रुपये लेना चाहती है, इसकी रिकार्डिंग भी उसके पास है, लेकिन पीड़िता का कहना है कि अगर उसे रुपये लेने होते तो वह निकाह नहीं करती, पहले ही आरोपी रुपये दे रहा था, तभी ले लेती।