जिला अस्पताल के बाल रोग ओपीडी में मरीजों का इलाज करते डॉ. एके उपाध्याय। संवाद
बलिया। मौसम के बदलाव व गुलाबी आहट के बीच वायरल फीवर की चपेट में बच्चों से लगाय बुजुर्ग आ रहे हैं। बुखार के बाद जोड़ों में दर्द व पेट में इंफेक्शन लोगों को परेशान कर रहा है। सरकारी से लेकर निजी अस्पताल के ओपीडी में मरीजों की संख्या बढ़ गई है। चिकित्सक सावधानी बरतने व समय से दवा खाने की सलाह दे रहे हैं।
शहर के महवीर घाट निवासी कुसुम देवी ने 10 वर्षीय बेटे को लेकर ओपीडी की लाइन में लगी थीं। उन्होंने बताया कि दीपावली की सुबह गले में खरास के बाद शाम को तेज बुखार आया था। दवा देने के बाद भी राहत नहीं मिली। इंजेक्शन व पानी से शरीर पोछने पर राहत मिली। बुखार ठीक होने के बाद अब पेट दर्द परेशान कर रहा है। शिवरामपुर निवासी मनोज साहनी ने बताया कि तेज बुखार के बाद जोड़ों में दर्द ज्यादा हो रहा है। चिकित्सक बुखार के कारण दर्द होना बता रहे हैं। खून जांच में भी कुछ नहीं निकला।
जिला अस्पताल के ओपीडी में बृहस्पतिवार को 1743 से ऊपर मरीज इलाज कराने पहुंचे। इसमें 40 फीसदी वायरल फीवर की चपेट में थे। सर्दी जुकाम, पेट में दर्द व गले में खराश के बाद तेज बुखार चपेट में लोग आ रहे हैं। दवा भी बेअसर साबित हो जा रही है। चिकित्सक दवा को तीन टाइम की जगह चार से पांच टाइम खिलाने की सलाह चिकित्सक दे रहे हैं। तेज बुखार के बाद जोड़ो में दर्द व कमजोरी मरीजों को तोड़ दे रही है।
बुखार से राहत मिलने के बाद लोगों के पेट में इंफेक्शन और जोड़ों में दर्द बढ़ रहा है। जिससे लोग परेशान हैं। चिकित्सकों का कहना है कि बुखार के बाद लगभग 40 प्रतिशत लोग पेट के इंफेक्शन और हड्डियों में दर्द की शिकायत बता रहे हैं। चिकित्सक लोगों को ठंडी चीजों का सेवन नहीं करने और चिकित्सक से परामर्श लेने की सलाह दे रहे हैं। इमरजेंसी में 24 घंटे में 123 मरीज पहुंचे। चिकित्सक ने करीब 86 मरीजों को भर्ती किया। इसमें सांस लेने की परेशानी, हाई फीवर, पेट में दर्द की शिकायत वाले ज्यादा रहे। दीपावली बाद सांस व पेट इंफेक्शन वाले मरीज बढ़ गए है।