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बिचौलियों के खिलाफ परिवहन विभाग ने चलाया कार्रवाई का डंडा

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नोएडा के सेक्टर 33 स्थित एआरटीओ कार्यालय पर अतिक्रमण हटाती जेसीबी।
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बिचौलियों के खिलाफ परिवहन विभाग ने चलाया कार्रवाई का डंडा
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नोएडा। परिवहन कार्यालय में सक्रिय बिचौलियों के खिलाफ बृहस्पतिवार को विभागी अधिकारियों ने सख्त रुख अपनाया। कार्रवाई के दौरान अधिकारियों ने कार्यालय परिसर के अंदर मौजूद बिचौलियों को खदेड़ा तो परिसर के बाहर प्राधिकरण के अतिक्रमण दस्ते ने उनकी कुर्सी-मेज सहित वहां मौजूद दस्तावेज जब्त कर लिए। अधिकारियों के मुताबिक अब आरोपियों को परिवहन माफिया भी घोषित किया जाएगा।
दरअसल, परिवहन कार्यालय परिसर में बिचौलियों का बोलबाला है। परिसर में सक्रिय दलाल यहां काम कराने आने वालों को गेट पर रोक लेते हैं और उन्हें काम कराने अधिक समस्याओं का डर दिखाकर अपना शिकार बना लेते हैं। आरोप है कि ये दलाल डीएल बनवाने समेत अन्य कामों को कराने की एवज में मोटी रकम वसूलते हैं। वहीं, कई बार तो पैसे देने के बाद भी काम होने की गारंटी नहीं होती है। इसकी शिकायत हुई तो अफसरों ने प्राधिकरण के अतिक्रमण दस्ते के साथ मिलकर कार्यालय के अंदर और बाहर मौजूद दलालों के खिलाफ कार्रवाई का चाबुक चलाया। इस दौरान परिवहन विभाग के अधिकारियों ने कार्यालय परिसर के अंदर तो प्राधिकरण के अतिक्रमण दस्ते ने बाहर की कमान संभाली। अचानक हुई कार्रवाई से दलालों में हड़कंप मच गया। कोई दीवार फांदकर तो कोई इधर-उधर छिपकर भाग खड़ा हुआ। हालांकि अधिकारियों ने उनके कुर्सी-मेज आदि को जब्त कर लिया। आरोप है कि कार्रवाई के कुछ ही देर बाद कुछ बिचौलिये फिर से कार्यालय में दाखिल हो गए और अपने काम कराते दिखाई दिए। लोगों का आरोप है कि एआरटीओ ने बिचौलियों के ठिकानों को तो हटवा दिया। लेकिन, कार्यालय में उनके प्रवेश पर रोक नहीं लगा पा रहे हैं।
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विभाग की लापरवाही से बढ़ा बिचौलियों का रुतबा
परिवहन विभाग में लोगों के लिए कोई ऐसा काउंटर नहीं बनाया गया है। जहां पर उनको हर तरह की जानकारी दी जा सके। कार्यालय पहुंचने के बाद भी काम कराने के बारे में जानकारी नहीं मिलने पर लोग दलालों का सहारा लेने को मजबूर हो जाते हैं। लोगों का कहना है कि यदि विभागीय अधिकारी और कर्मचारी ईमानदारी से काम करें तो दलालों का धंधा बंद हो जाएगा। लेकिन, विभागीय स्तर पर लापरवाही के कारण ही बिचौलियों का रुतबा बढ़ा है।
परिवहन कार्यालय परिसर में नहीं जन सुविधा केंद्र
परिवहन विभाग के अधिकारियों ने डीएम से कई बार जन सुविधा केंद्र खुलवाने की मांग की है। लेकिन, आज तक सुविधा नहीं मिल सकी है। यही कारण है कि बिचौलियों द्वारा फार्म भरने, फीस जमा करने के एवज में तय मूल्य से अधिक की वसूली की जाती है। लोगों का कहना है कि विभाग की ओर से जन सुविधा केंद्र शुरू हो जाता तो 20 रुपये देकर कोई भी काम कराया जा सकता है।
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परिवहन विभाग लोगों से अपील करता है कि वह ऑनलाइन अपने फार्म आदि जमा कराकर ही आएं। इसके बाद भी कोई परेशानी हो तो उनके कार्यालय में आकर अपनी समस्या बता सकते हैं। उसे अविलंब दूर कराया जाएगा। बिचौलियों के खिलाफ परिवहन माफिया के तहत कानूनी कार्रवाई कराई जाएगी।
- एके पांडेय, एआरटीओ प्रशासन
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