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Noida News: सिखों की पहली राजधानी लोहगढ़ में स्मारक का थ्री डी नक्शा तैयार

Thu, 23 Oct 2025 12:16 AM IST
नोएडा ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, नोएडा
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 बाबा बंदा सिंह बहादुर का इस तरह से होगा संग्राहलय। विभाग - फोटो : काव्य पाठ करता कवि।
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सुरेश सैनी
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यमुनानगर। शिवालिक की पहाड़ियों से सटे गांव भगवानपुर में सिखों की पहली राजधानी लोहगढ़ के नाम से बाबा बंदा सिंह बहादुर की विरासत को याद करने के लिए विश्व स्तरीय स्मारक व संग्रहालय बनाया जाएगा। स्मारक बाबा बंदा सिंह बहादुर के साहसी नेतृत्व में खालसा साम्राज्य की दृढ़ता की कहानी को उजागर करेगा।
करीब 20 एकड़ भूमि में 1.25 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले इस भव्य स्मारक व संग्रहालय का थ्री डी नक्शा बनकर तैयार हो चुका है। बाबा बंदा सिंह स्मारक के दो प्रमुख भाग होंगे। पहले भाग में किलानुमा दीवार, भू-दृश्यांकन, संग्रहालय भवन और प्रवेश द्वार का निर्माण होगा।
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दूसरे भाग में बाबा बंदा सिंह बहादुर के जीवन और यात्रा को दर्शाने वाली सामग्री, सेट और तकनीक का विकास होगा। स्मारक में प्रवेश करते ही, आगंतुकों का स्वागत एक मनोरम वातावरण से होगा जिसमें पारंपरिक वास्तुकला और आधुनिक डिजाइन तत्वों का सम्मिश्रण होगा।
वहीं 27 अक्तूबर को बाबा बंदा सिंह बहादुर के जन्मदिवस पर इसके निर्माण कार्य की शुरूआत होगी। क्विलानुमा दीवारों और किले के द्वारों के प्रवेश द्वार को पंजाब की भव्य किला वास्तुकला को प्रतिबिंबित करने के लिए सावधानीपूर्वक डिजाइन किया जाएगा। इस प्रवेश द्वार को अत्यंत बारीकी से तैयार किया जाएगा, जो अजेय लोहगढ़ किले की विरासत को श्रद्धांजलि देगा। प्रवेश द्वार के डिज़ाइन में पंजाब के महान किलों की याद दिलाने वाले वास्तुशिल्प तत्व शामिल होंगे। संवाद
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20 एकड़ भूमि में स्मारक व संग्रहालय बनाया जाना है। इस पर करीब 1.25 करोड़ रुपये की लागत आएगी। पूरी इमारत पुराने किले की तर्ज पर होगी। इसका मास्टर प्लान भी तैयार हो चुका है। निर्माण कार्य की शुरूआत 27 अक्तूबर को होगी। -अमित, एक्सईएन, पीडब्ल्यूडी नारायणगढ़।

 बाबा बंदा सिंह बहादुर का इस तरह से होगा संग्राहलय। विभाग- फोटो : काव्य पाठ करता कवि।

 बाबा बंदा सिंह बहादुर का इस तरह से होगा संग्राहलय। विभाग- फोटो : काव्य पाठ करता कवि।

 बाबा बंदा सिंह बहादुर का इस तरह से होगा संग्राहलय। विभाग- फोटो : काव्य पाठ करता कवि।

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