जेएनयू प्रबंधन ने शिक्षकों की छुट्टियां रोकी
- अनिवार्य हाजिरी नियम का पालन न करने पर विवि ने लिया फैसला
- शिक्षक यूनियन ने दी विरोध की चेतावनी
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। जवाहर लाल नेहरू विश्वविद्यालय प्रबंधन ने शिक्षकों की छुट्टियां रोक दी हैं। प्रबंधन ने अनिवार्य हाजिरी नियम का पालन न करने वाले शिक्षकों के मेडिकल, टूर बिल पास करने बंद कर दिए हैं। इसके अलावा यदि कोई शिक्षक छुट्टी मांगता है तो उसकी मंजूरी नहीं दी जा रही है। इसी के चलते अब जेएनयू शिक्षक यूनियन ने विरोध की चेतावनी दी है।
जेएनयू शिक्षक यूनियन के अध्यक्ष प्रो. अतुल सूद व सचिव प्रो. अविनाश कुमार के मुताबिक, विश्वविद्यालय प्रबंधन जबरदस्ती अनिवार्य हाजिरी नियम लागू करवाना चाहता है। जबकि यूजीसी के किसी नियम में अनिवार्य हाजिरी लागू नहीं की गई है। ऐसे में विश्वविद्यालय प्रबंधन किस आधार पर शिक्षकों की छुट्टी रोक रहा है। शिक्षक यूनियन का कहना है कि छुट्टी रोक दी गई हैं। दिसंबर में शिक्षक छुट्टी लेते हैं, जबकि कई शोध कार्यों के लिए उन्हें विदेश या सेमिनार के लिए जाना होता है। शिक्षक जब छुट्टी, मेडिकल या सेमिनार के लिए आवेदन कर रहे हैं तो वह रद्द हो जाती हैं। इस मामले में बृहस्पतिवार को विश्वविद्यालय प्रबंधन से मिलने पहुंचे थे। शिक्षक यूनियन का आरोप है कि विश्वविद्यालय प्रबंधन ने छुट्टी रद्द होने की सूचना न होने की बात कही। शिक्षक यूनियन ने विश्वविद्यालय को विरोध की चेतावनी दी है।