सुभाष चंद्रा मानहानि मामले से केजरीवाल आरोपमुक्त
याचिका दायर करने में उचित प्रक्रिया का पालन नहीं करने पर मिली राहत
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली । अदालत ने शनिवार को मानहानि की शिकायत में मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को आरोपमुक्त कर दिया। यह शिकायत राज्यसभा सांसद सुभाष चंद्रा की ओर दायर की गई थी। अदालत ने कहा कि चंद्रा ने याचिका दायर करते समय उचित प्रक्रिया का पालन नहीं किया।
पटियाला हाउस स्थित अतिरिक्त मुख्य मेट्रोपॉलिटन मजिस्ट्रेट समर विशाल ने कहा कि याची चंद्रा ने पावर ऑफ अटार्नी के माध्यम से शिकायत दायर की है, जिसे कानून के तहत प्रतिबंधित किया गया है। अदालत ने याची चंद्रा को कानून के अनुसार पुन: याचिका दायर करने की स्वतंत्रता प्रदान कर दी। साथ ही कहा कि वर्तमान में जिस प्रक्रिया से याचिका दायर की गई है, उस पर सुनवाई करना समय को व्यर्थ करना होगा। ऐसे में वे अरविंद केजरीवाल को इस मामले से आरोपमुक्त करते हैं। याची चंद्र ने गुलशन कुमार सचदेव को बतौर पावर ऑफ अटार्नी बनाते हुए उनके जरिए केजरीवाल पर झूठा बयान देने पर मानहानि का मुकदमा दायर किया था। याचिका में आरोप लगाया गया था कि केजरीवाल ने 11 नवंबर को प्रेस कांफ्रेंस को संबोधित करते हुए चंद्रा के खिलाफ झूठे, गढ़े और बदनाम करने वाले आरोप लगाए थे। शिकायत में कहा गया कि इस आरोप से चंद्रा की प्रतिष्ठा को गंभीर नुकसान पहुंचाया गया।