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कव्वाल और नृतकी बोलेंगी %भजनों के बोल’

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द्रोण मेले में सांस्कृतिक कार्यक्रमों की सशर्त मंजूरी
वीडियो रिकार्डिंग होगी, कोतवाली प्रभारी करेंगे निगरानी
धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंची तो निरस्त होगी अनुमति
दीपक शर्मा/जेपी शर्मा
दनकौर। कस्बे में चल रहे द्रोण मेले में एसडीएम ने कव्वाली और सांस्कृतिक कार्यक्रमों की सशर्त मंजूरी दी है। इससे पहले प्रशासन ने ही कव्वाली व अश्लील नृत्य पर रोक लगा दी थी। अब, पुलिस को कार्यक्रम की वीडियो रिकार्डिंग कराने व निगरानी रखने का भी निर्देश दिया गया। मेला प्रबंधन सांस्कृतिक कार्यक्रमों को भाईचारे का प्रतीक बनाने के प्रयास में जुट गया है। कव्वाली मुकाबले में मुस्लिम कव्वाल भी हिंदू धर्म से जुड़े धार्मिक भजन गाते दिखेंगे और नृत्य भी धार्मिक भजनों पर होगा।
बता दें कि हिंदू युवा वाहिनी के दनकौर मंडल अध्यक्ष नवीन शर्मा ने द्रोण मेले में कव्वाली और अश्लील नृत्य पर रोक लगाने की मांग की थी। इसके बाद नवीन शर्मा ने मेला समिति से जुड़े व कुछ अन्य लोगों पर हमले का आरोप लगा केस दर्ज कराया था। सोमवार देर शाम जिला प्रशासन ने दनकौर पुलिस की जांच रिपोर्ट के आधार पर धार्मिक भावना आहत होने का हवाला देते हुए रोक लगा दी थी। विरोध में मेला समिति ने कोतवाल फरमूद अली को मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा था। विरोध बढ़ता देख जिला प्रशासन ने अपने ही आदेश को पलट दिया और मेला समिति को सशर्त अनुमति दे दी। अनुमति पत्र में लिखा गया है कि सांस्कृतिक कार्यक्रम की आड़ में अगर अश्लील नृत्य या फिर धार्मिक भावनाओं को आहत करने का कोई भी कृत्य किया गया तो अनुमति स्वयं निरस्त हो जाएगी।
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द्रोण मेले में 12 सितंबर को कव्वाली, 13 को कवि सम्मेलन और 14 को नाटक वध का आयोजन होगा। मुस्लिम कव्वाल भजन की प्रस्तुति देकर भाईचारा बढ़ाने का प्रयास करेंगे। सांस्कृतिक कार्यक्रमों के बीच नृत्य भी भजनों पर होगा।
- कमल गोयल, प्रबंधक मेला समिति

सीएम से मिलेगा प्रतिनिधिमंडल
मंडल अध्यक्ष नवीन शर्मा का कहना है कि प्रशासन ने अनुमति देकर निंदनीय कार्य किया है। हिंदू युवा वाहिनी इसका विरोध व्यक्त करती है। इस मामले में जल्द ही संगठन का एक प्रतिनिधिमंडल मुख्यमंत्री से मुलाकात करेगा।
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द्रोण मेले में सांस्कृतिक कार्यक्रम के लिए मंजूरी दी गई है। मेले में कोई नई परंपरा शुरू नहीं होनी दी जाएगी। सांस्कृतिक कार्यक्रम की आड़ में अश्लील नृत्य या धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने वाला कोई कार्यक्रम आयोजित नहीं होने दिया जाएगा। हिंदू युवा वाहिनी और मेला समिति के पांच-पांच लोगों को मुचलका पाबंद कर 50-50 हजार रुपये के बांड भरवाए गए हैं। अगर कोई शांति भंग होती है, तो वह जिम्मेदार समझे जाएंगे।
राजपाल सिंह, सदर, एसडीएम
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