लखनऊ। लखनऊ विश्वविद्यालय में लगे गोमती पुस्तक मेले में इन दिनों सबसे अधिक चर्चा राष्ट्रीय ई-पुस्तकालय के स्टॉल की है जहां सबसे ज्यादा भीड़ देखने को मिल रही है। इस स्टॉल पर क्यूआर कोड स्कैन करते ही आपको 60 प्रकाशकों की तीन हजार से भी ज्यादा पुस्तकों को पढ़ने की सहूलियत मिल जाती है और वो भी मुफ्त। यहां खासकर बच्चों को ध्यान में रखकर लिखी गईं पुस्तकें हैं। राष्ट्रीय पुस्तक न्यास और नेशनल बुक ट्रस्ट के इस स्टॉल पर केवल दो दिन में ही 1300 पाठकों ने पंजीकरण करा दिया है, जिनमें बच्चों व युवाओं की संख्या बहुतायत मेें है। यह संख्या नौ दिन में 50 हजार से ज्यादा पहुंचने की उम्मीद है।
स्टॉल पर मौजूद आउटरीच एसोसिएट सतीश कुमार यादव ने बताया कि फरवरी 2023 में राष्ट्रीय ई-पुस्तकालय की शुरुआत की गई थी। इस डिजिटल लाइब्रेरी में अब तक 2.72 लाख पंजीकरण हो चुके हैं। इस डिजिटल लाइब्रेरी में एनिमेटेड और ऑडियो बुक भी हैं। अंग्रेजी के अलावा 22 भारतीय भाषाओं में यहां पर पुस्तकें पढ़ी जा सकती हैं। इसके लिए पाठकों से कोई शुल्क नहीं लिया जाएगा। पंजीकरण कराना जरूरी है। कला एवं साहित्य, फिक्शन, नॉन फिक्शन, स्वास्थ्य, साइंस, आत्मकथाएं, इतिहास, कविताएं, चित्रकथाएं, कॉमिक्स समेत अलग-अलग विषय की पुस्तकें यहां उपलब्ध हैं। पाठक की सलाह पर भी नई पुस्तक अपलोड की जाएगी।
लखनऊ विश्वविद्यालय में लगे गोमती पुस्तक मेले में उमड़ी भीड़।
लखनऊ विश्वविद्यालय में लगे गोमती पुस्तक मेले में उमड़ी भीड़।
लखनऊ विश्वविद्यालय में लगे गोमती पुस्तक मेले में उमड़ी भीड़।
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लखनऊ विश्वविद्यालय में लगे गोमती पुस्तक मेले में उमड़ी भीड़।
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