हर माह 10 कारोबारियों की होगी जांच, विरोध शुरू
नोएडा। उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार प्रतिनिधिमंडल के प्रमुख पदाधिकारियों की बैठक में जिलाध्यक्ष नरेश कुच्छल और चेयरमैन रामअवतार ने कहा कि वाणिज्य कर आयुक्त ने व्यापारियों की जांच एवं तलाशी के नए आदेश जारी किए हैं। इसके तहत हर माह वाणिज्य कर विभाग की विशेष अनुसंधान शाखा विभिन्न बिंदुओं के आधार पर व्यापारियों की जांच करेगी। इससे व्यापारियों में रोष है। वहीं, उन्होंने इसका विरोध करना भी शुरू कर दिया है।
जिलाध्यक्ष ने कहा कि मासिक टर्नओवर में गिरावट या वृद्धि को आधार मानकर, वार्षिक टर्नओवर के आधार पर जो व्यापारी अपने देय टैक्स को आईटीसी में समायोजित कर देते हैं, ऐसे व्यापारियों की जांच के आदेश विभाग ने दिए हैं। यह आदेश व्यापारी वर्ग के साथ अन्याय है। यदि व्यापारियों की जबरन जांच की गई तो संगठन इसका पुरजोर विरोध करेगा। बैठक के दौरान प्रतिनिधियों ने कहा कि प्रदेश की वाणिज्य कर आयुक्त अमृता सोनी द्वारा जारी आदेश में विभाग की विशेष अनुसंधान शाखा (एसआईबी) को हर माह कई बिंदुओं के आधार पर कम से कम 10 कारोबारियों की जांच करने का अधिकार मिल गया है। अगर किसी कारोबारी के मासिक कारोबार में अप्रत्याशित वृद्धि या गिरावट है तो उसे भी जांच के दायरे में शामिल किया जाएगा। व्यापारियों ने कहा कि व्यापार बंद हैं और कारोबार है नहीं, इस स्थिति में सरकार का यह आदेश व्यापारी वर्ग को आहत पहुंचाने वाला है। इस आदेश के बाद व्यापारियों का उत्पीड़न होने की आशंका है। मौके पर वरिष्ठ महामंत्री मनोज भाटी, महामंत्री संदीप चौहान, कोषाध्यक्ष मूलचंद गुप्ता, महामंत्री दिनेश महावर, मीडिया प्रभारी चंद्र प्रकाश गौड़, वारिस अली, अवधेश सिंह, रितिक गुप्ता, सोहन लाल और राहुल आदि मौजूद रहे।