पुलिस ने नोएडा में मजदूरों के हिंसक प्रदर्शन और आगजनी के मामले में मजदूर बिगुल दस्ता संगठन के प्रमुख रूपेश राय समेत 18 लोगों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के मुताबिक, उपद्रव के लिए यही संगठन जिम्मेदार है। इस बीच, वेतन वृद्धि की मांग को लेकर श्रमिकों के हिंसक प्रदर्शन के बाद बेपटरी हुई व्यवस्था अब पटरी पर लौटने लगी है। वेतन बढ़ने के बाद जहां हंगामा थमा है, वहीं, श्रमिक भी काम पर लौटने लगे हैं। लगभग 70 फीसदी उद्योगों में फिर से काम शुरू हो गया है।
80 से ज्यादा व्हॉट्सएप ग्रुप बनाए...
पुलिस आयुक्त लक्ष्मी सिंह ने बताया कि हिंसा फैलाने के लिए तीन समूहों ने 80 से ज्यादा व्हाट्सएप ग्रुप बनाए, जिनमें से 17 का सत्यापन कर लिया गया है। इनके बारे में सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स से जानकारी मांगी गई है।
श्रमिक अधिकारों से समझौता नहीं...श्रमिकों के अधिकारों के साथ कोई समझौता नहीं किया जाएगा। सम्मान, समय पर पूरा वेतन और वैधानिक सुविधाएं मिलना हर श्रमिक का अधिकार है। इसके हनन पर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी। अफवाह फैलाने वालों को भी नहीं बख्शा जाएगा।