वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग ने दिल्ली सरकार और एनसीआर की राज्य सरकारों को सलाह दी है। आयोग ने नवंबर और दिसंबर में शारीरिक खेल गतिविधियों या प्रतियोगिताओं का आयोजन न करने को कहा है। यह सलाह इस अवधि के दौरान वायु गुणवत्ता के रुझानों को देखते हुए जारी की गई है।
सीएक्यूएम ने 10 सितंबर को जारी अपनी सलाह में कहा कि इन दो महीनों के लिए पहले से निर्धारित प्रतियोगिताओं को पुनर्निर्धारित किया जा सकता है। आयोग ने उल्लेख किया कि सुप्रीम कोर्ट ने एमसी मेहता बनाम भारत संघ मामले की सुनवाई के दौरान चिंता व्यक्त की थी।
कोर्ट ने स्कूलों द्वारा आयोजित शारीरिक खेल प्रतियोगिताओं में भाग लेने वाले बच्चों पर खराब और गंभीर वायु गुणवत्ता के प्रभाव पर चिंता जताई थी। शीर्ष अदालत ने सीएक्यूएम को दिल्ली-एनसीआर के स्कूलों को नवंबर और दिसंबर में निर्धारित खेल प्रतियोगिताओं को स्थगित करने के निर्देश जारी करने को कहा था।
आयोग ने नवंबर 2025 में जारी एक पत्र में भी ऐसी गतिविधियों को पुनर्निर्धारित करने की सलाह दी थी। आयोग ने वर्ष 2026 के लिए भी अपनी पिछली टिप्पणियों को दोहराना आवश्यक समझा है। सीएक्यूएम ने अपनी नवीनतम सलाह में कहा कि एनसीआर राज्य सरकारें और दिल्ली सरकार यह सुनिश्चित करें कि नवंबर-दिसंबर के दौरान कोई शारीरिक खेल गतिविधि या प्रतियोगिता निर्धारित न हो। यह उन क्षेत्रों में प्रचलित वायु गुणवत्ता के रुझानों को ध्यान में रखते हुए किया जाए जहां ऐसे आयोजन होने हैं।