निजामुद्दीन मरकज का एक दृश्य (फाइल फोटो)
- फोटो : जी पाल
निजामुद्दीन स्थित तब्लीगी मरकज मामले की जांच कर रही दिल्ली पुलिस की अपराध शाखा की टीम भी कोरोना की चपेट में आ गई है। टीम का एक सिपाही पॉजिटिव पाया गया है। वह अपराध शाखा के अन्य पुलिसकर्मियों व अफसरों के साथ पहले दिन मरकज में स्थित बंगले वाली मस्जिद में गया था। टीम के 14 सदस्यों को सेल्फ क्वारंटीन में रहने के आदेश दिए गए हैं। हालांकि, अपराध शाखा के अधिकारियों से बात करने की कोशिश गई तो किसी भी वरिष्ठ अधिकारी ने फोन नहीं उठाया।
अपराध शाखा के एक अधिकारी के मुताबिक, टीम के करीब 15 सदस्यों का कोरोना टेस्ट कराया गया था। जांच टीम के एक सिपाही की रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। उसे अस्पताल में भर्ती करा दिया गया है। अन्य 14 पुलिसकर्मियों की रिपोर्ट निगेटिव आई है। बताया जा रहा है कि इनमें सीनियर पुलिस अधिकारी भी हैं।
दूसरी तरफ जांच में पता चला है कि मौलाना साद ने कोरोना टेस्ट की अपनी रिपोर्ट अपराध शाखा को भेज दी है। साद ने कोरोना टेस्ट निजी लैब से कराया है। यह टेस्ट निगेटिव है। उधर, अपराध शाखा के अधिकारियों ने इस रिपोर्ट को मानने से इनकार कर दिया है।
उन्होंने साद को सरकारी अस्पताल से कोरोना टेस्ट कराने को कहा है। उनका कहना है कि सरकारी अस्पताल की रिपोर्ट ही मानी जाएगी। मौलाना साद के खिलाफ के खिलाफ धार्मिक आयोजन कर कोरोना जैसी महामारी को फैलाने का आरोप है। मौलाना साद समेत छह लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया था। बाद में एफआईआर में गैरइरादतन हत्या की धारा जोड़ दी गई थी।