गृह मंत्रालय के अधिकारी के मुताबिक मुकेश की दया याचिका केंद्रीय गृह मंत्रालय पहुंच गई है। याचिका की जांच की जा रही है और जल्द ही एक उचित निर्णय लिया जाएगा। दोषी मुकेश ने पटियाला हाउस कोर्ट से जारी डेथ वारंट के खिलाफ हाईकोर्ट में गुहार लगाई थी। उसने कहा था कि उसकी दया याचिका लंबित है। जिसकी वजह से 22 जनवरी को दी जाने वाली फांसी को निरस्त किया जाए।
हालांकि हाईकोर्ट ने सुनवाई से इंकार करते उसे निचली अदालत में जाने का निर्देश दिया था। चार दोषियों मुकेश, विनय, अक्षय और पवन गुप्ता को 22 जनवरी की सुबह 7 बजे तिहाड़ जेल में फांसी दी जानी है।