राउज एवेन्यू कोर्ट ने सोमवार को नेशनल हेराल्ड मामले में प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) की तरफ से दायर आरोपपत्र पर संज्ञान लेने पर अपना आदेश सुरक्षित रख लिया। विशेष न्यायाधीश विशाल गोगने ने कहा कि मामले की सुनवाई 29 जुलाई को होगी। कांग्रेस नेता सोनिया गांधी, राहुल गांधी, सुमन दुबे, सैम पित्रोदा, यंग इंडियन, डॉटेक्स मर्चेंडाइज और सुनील भंडारी को ईडी ने आरोपी बनाया है।
ईडी ने आरोप लगाया है कि एसोसिएटेड जर्नल्स लिमिटेड (एजेएल) नेशनल हेराल्ड का प्रकाशक है। इसकी कीमत 2,000 करोड़ रुपये से अधिक है। उसकी संपत्तियों के कथित धोखाधड़ीपूर्ण अधिग्रहण से प्राप्त 'अपराध की आय' का यंग इंडियन नामक कंपनी ने शोधन किया था। इसमें गांधी परिवार बहुसंख्यक शेयरधारक बताया गया है।
ईडी का आरोप है कि एजेएल की संपत्ति अवैध रूप से हासिल करने के लिए एक आपराधिक साजिश के तहत एजेएल के शेयर यंग इंडियन को हस्तांतरित किए गए। ईडी के मामले में शेयरों का मूल्य, एजेएल की अचल संपत्तियां और उनसे प्राप्त किराया कथित तौर पर अपराध की आय है। हालांकि, गांधी परिवार ने तर्क दिया है कि यह एक अजीब और अभूतपूर्व मामला है। जिसमें संपत्ति के उपयोग या प्रक्षेपण के बिना ही धन शोधन के आरोप लगाए गए हैं।