-ड्राइवर यात्रा की कमाई का 100 प्रतिशत हिस्सा खुद रख सकेंगे
-अनिवार्य केवाईसी सत्यापन, एसओएस सुविधा और घटना प्रतिक्रिया तंत्र जैसी व्यवस्थाएं शामिल
संवाद न्यूज एजेंसी
नई दिल्ली। अंतरराष्ट्रीय श्रमिक दिवस के अवसर पर वर्ल्ड इकोनॉमिक मोबिलिटी दिल्ली-एनसीआर में अपने नए राइड-हैलिंग प्लेटफॉर्म नेमभारत की शुरुआत करने जा रही है। कंपनी का दावा है कि यह देश का पहला बड़े स्तर का मोबिलिटी प्लेटफॉर्म है, जो जीरो कमीशन और जीरो सब्सक्रिप्शन मॉडल पर आधारित है। प्लेटफॉर्म के तहत ड्राइवर यात्रा की कमाई का 100 प्रतिशत हिस्सा खुद रख सकेंगे। कंपनी का कहना है कि यह मॉडल ऐप-आधारित टैक्सी सेवाओं में लंबे समय से चली आ रही कमीशन आधारित असंतुलन को दूर करेगा।
प्लेटफॉर्म मोबाइल ऐप के माध्यम से ड्राइवर और यात्रियों को जोड़ेगा। इसमें सुरक्षा के लिए अनिवार्य केवाईसी सत्यापन, एसओएस सुविधा और घटना प्रतिक्रिया तंत्र जैसी व्यवस्थाएं शामिल होंगी। इसके अलावा, शहरी यात्रियों के लिए प्रशिक्षित ड्राइवरों के साथ प्रीमियम सेवा भी उपलब्ध कराई जाएगी। विशेषज्ञों का मानना है कि देश में तेजी से बढ़ रही गिग इकोनॉमी के बीच यह मॉडल महत्वपूर्ण बदलाव साबित हो सकता है। अनुमान है कि वर्ष 2029 तक भारत में गिग वर्कर्स की संख्या 2.3 करोड़ से अधिक हो सकती है।