इनमें नई दिल्ली के ओखला, ग्रेटर नोएडा के उद्योग विहार और नोएडा के सेक्टर-80 की दो यूनिट शामिल हैं। आईआरपी ने मार्च, 2018 में रिजोल्यूशन प्लान और एक्सप्रेशन ऑफ इंटरेस्ट निकाले। किसी कंपनी ने रुचि नहीं ली तो मई में फिर से एक्सप्रेशन ऑफ इंटरेस्ट निकाला गया।
इसमें एक कंपनी ने आवेदन किया लेकिन बाद में वह भी पीछे हट गई। नौ माह पूरे होने के बाद आईआरपी ने अपनी रिपोर्ट एनसीएलटी में जमा की। इस पर सुनवाई के बाद कंपनी को दिवालिया घोषित कर दिया है।