दिल्ली के टायर पंचर गिरोह ने मुजफ्फरनगर के ज्वेलर की गाड़ी से सवा दो करोड़ रुपये का करीब 8 किलो सोना उड़ा लिया। वहीं, दक्षिण जिले की एसटीएफ ने मुस्तैदी दिखाते हुए 48 घंटे में ही वारदात को सुलझाते हुए दो नाबालिग समेत छह आरोपियों को दबोचकर मामला सुलझा लिया।
दक्षिण जिला पुलिस उपायुक्त प्रेमनाथ के अनुसार, ज्वेलर मनीष कुमार की सुखमल चंद मनीष कुमार नाम से मुजफ्फरनगर की सर्राफा मार्केट में दुकान है।
मनीष नौकर संजीव के साथ 16 सितंबर को टैक्सी से चांदनी चौक आ रहे थे। बैग में 7 किलो 931 ग्राम सोना था। बैग सीट के नीचे रखा हुआ था।
पुलिस ने टायर पंचर गिरोह को पकड़ा
दोपहर करीब 12:15 बजे वेलकम फ्लाईओवर के पास एक टेंपो चालक ने उनकी गाड़ी का टायर पंचर होने की बात कही। सीलमपुर में डबल स्टोरी के पास चालक कार को किनारे रोककर टायर बदलने लगा। इस पर मनीष व संजीव गाड़ी से बाहर आ गए।
कुछ देर बाद जब ज्वेलर ने देखा तो बैग गायब था। ज्वेलर ने सीलमपुर थाने में शिकायत दर्ज कराई। मामले की जांच कर रहे एसटीएफ प्रभारी राजेंद्र सिंह की टीम को मदनगीर में रहने वाले टायर पंचर गिरोह के सदस्य सन्नी पर शक हुआ।
गुप्त सूचना के बाद पुलिस टीम ने 18 सितंबर को बाबा गंगनाथ मंदिर, वसंत विहार पर घेराबंदी करके सन्नी व दो नाबालिग को चोरी का सामान ठिकाने लगाते हुए पकड़ लिया। इनके पास 1.931 ग्राम सोना मिला।
सन्नी ने पूछताछ में ज्वेलर की गाड़ी से सोना उड़ाने की बात स्वीकार कर ली। सन्नी की निशानदेही पर अनिल, दयाल और विष्णु को गिरफ्तार करके इनके कब्जे से 6 किलो 520 मिलीग्राम सोना और बरामद कर लिया गया।
पंचर बनाते-बनाते उड़ा लिए थे 70 हजार
नोएडा के थाना सेक्टर-39 पुलिस ने पंचर लगाने के बहाने सामान उड़ाने वाले गिरोह के चार बदमाशों को गिरफ्तार किया है। बदमाशों ने 17 सितंबर को कार में पंचर लगाने के दौरान सिकंदराबाद के एक व्यक्ति की कार से ब्रीफकेस चोरी कर लिया था, जिसमें 70 हजार रुपये थे।
बुलंदशहर के सिकंदराबाद थाना क्षेत्र निवासी वीर सिंह कार से 17 सितंबर को नोएडा से ग्रेटर नोएडा की ओर लौट रहे थे। सेक्टर-99 के पास उनकी कार का टायर पंचर हो गया था। वह पंचर लगवाने के लिए सलारपुर में डीएससी रोड पर एक दुकान पर गए। वहां दो युवकों ने पंचर लगाना शुरू किया।
जब वह कार से उतरकर टायर देखने पहुंचे तो इस बीच दो युवक बाइक स्टार्ट कर वहां से निकले। पंचर लगवाने के बाद पीड़ित कार लेकर चले तो देखा कि उनकी कार की पिछली सीट पर रखा ब्रीफकेस गायब था। शिकायत मिलने पर पुलिस ने बृहस्पतिवार को ही पंचर लगाने वाले दोनों युवकों से पूछताछ की तो मामले का खुलासा हो गया।
पुलिस के अनुसार, जिस वक्त उनकी कार में पंचर लग रहा था, उस समय बाइक सवारों ने ब्रीफकेस चोरी कर लिया था। बदमाशों की पहचान बुलंदशहर के गुलावठी थाना क्षेत्र निवासी आसिफ, आरिफ, शेरूद्दीन और मेहराज के रूप में हुई है।
खुद करते हैं गाड़ी पंचर
गिरोह के सदस्य चोरी-छिपे पहले कारों में खुद पंचर करते हैं। फिर पंचर लगाने के दौरान कारों से ब्रीफकेस, लैपटॉप और बैग आदि उड़ा ले जाते हैं। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से एक बाइक भी बरामद की है, जिसकी नंबर प्लेट पर पुलिस का निशान लगा है।
आरोपियों के कब्जे से कई कारों की आरसी के अलावा लोगों के ड्राइविंग लाइसेंस भी बरामद हुए हैं। बृहस्पतिवार रात को आरोपी डीएससी रोड स्थित पंचर की दुकान बंद कर सामान सहित भागने की फिराक में थे।