कौन कहता है आसमां में छेद नहीं हो सकता, एक पत्थर तबीयत से तो उछालो यारों। इस कहावत को रावली गांव के एक दंपति ने साबित कर दिया है। दूध बेचकर परिवार का गुजारा करने वाले इस दंपति ने अपने बेटे अजय बंसल को आयकर अधिकारी बनाया है। एसएससी सीजीएल 2016 की परीक्षा में अजय ने ऑल इंडिया स्तर पर 195वीं रैंक हासिल की है।
फिरोजपुर झिरका खंड के गांव रावली के सुरेश बंसल एवं उनकी पत्नी पुष्पा देवी पिछले काफी वर्षों से दूध बेचने का काम कर रहे हैं। इनके दो बेटे सुनील एवं अजय जबकि एक बेटी कविता है। अति पिछड़े इलाके के होने के बाद भी इस दंपति ने शिक्षा का महत्व समझा और अपने तीनों बच्चों को उच्च शिक्षा दी।
सुरेश बंसल के बड़े बेटे सुनील इंजीनियर हैं। जबकि बेटी कविता एमएससी बीएड कर चुकी हैं। सुरेश बंसल के छोटे बेटे अजय ने वाईएमसीए फरीदाबाद से 2015 में बीटेक किया। उसके बाद एसएससी सीजीएल 2016 की परीक्षा दी। जिसमें उन्होंने बेहतर प्रदर्शन किया। अब वह आयकर विभाग में बतौर अधिकारी काम करेंगे।
बेटे की कामयाबी से खुश सुरेश बंसल ने बताया कि उन्होंने 1979 में फिरोजपुर झिरका से मैट्रिक की थी। वह आगे पढ़ना चाहते थे, लेकिन परिवार की आर्थिक स्थिति ठीक नहीं होने के कारण बीकॉम तृतीय वर्ष की पढ़ाई भी पूरी नहीं कर सके। उन्होंने तभी तय कर लिया था कि बच्चों की पढ़ाई के आगे कभी पैसों की तंगी नहीं आने देंगे। आज उनके दोनों बेटे और बेटी काबिल बन गए हैं।