बढ़ता प्रदूषण और प्लास्टिक के इस्तेमाल पर पाबंदी के बावजूद धड़ल्ले से किए जा रहे इस्तेमाल पर सख्ती करते हुए उत्तरी और दक्षिणी दिल्ली नगर निगम ने प्लास्टिक तैयार करने वाली 500 से अधिक फैक्ट्रियों को सील कर दिया है। इसके अलावा निगमों ने प्लास्टिक इस्तेमाल करने वाली फैक्ट्रियों पर भी कार्रवाई की है।
प्लास्टिक पर प्रतिबंध के बावजूद इसके इस्तेमाल को देखते हुए निगमों ने कार्रवाई की है। दक्षिणी दिल्ली नगर निगम ने 53, जबकि उत्तरी निगम के दायरे में 517 फैक्ट्रियों पर सीलिंग की कार्रवाई की गई।
दक्षिणी दिल्ली नगर निगम के पश्चिमी क्षेत्र के बक्करवाला, बापरौला, रनहौला में अवैध तौर पर संचालित की जा रहीं फैक्ट्रियों से काफी प्रदूषण होता है, लेकिन इस पर रोक लगाने के लिए फैक्ट्रियों की तरफ से कोई पहल न करने पर निगम ने सख्त रुख अख्तियार करते हुए उनके खिलाफ सीलिंग की कार्रवाई की है।
उधर, दक्षिणी निगम ने भी ‘बीट द प्लास्टिक’ मुहिम के तहत अपने दायरे के निगम क्षेत्र को प्लास्टिक मुक्त बनाने की दिशा में प्रयास तेज करते हुए कार्रवाई की। पश्चिमी क्षेत्र की एक मार्केट को दक्षिणी निगम ने प्लास्टिक मुक्त घोषित कर दिया है।
पहले भी हो चुकी है कार्रवाई
एक सप्ताह पहले भी उत्तरी दिल्ली नगर निगम की ओर से फैक्ट्रियों और गोदाम को सील कर दिया गया था। इनमें प्लास्टिक, रबर और रसायनों का धड़ल्ले से उपयोग किया जा रहा था। मुंडका, घेवरा, निलोठी, स्वर्ण पार्क, टिकरी कलां, पुट खुर्द, शाहबाद, दौलतपुर में नियमों की अनदेखी करने वाली 219 फैक्ट्रियां और गोदाम सील किए गए थे।