राहुल दोस्त के ब्लॉक करने से इतना दुखी हुआ कि वह ओयो होटल में कमरा बुक कर फांसी लगा ली। राहुल का शव पहली मंजिल पर कमरा नंबर 101 पर पंखे से लटका मिला। पुलिस को मौके से कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है। नेब सराय थाना पुलिस इस बात की जांच कर रही है कि राहुल मोबाइल पर ब्लॉक करने से इतना दुखी क्यों हो गया कि उसने जान तक दे दी।
दक्षिण जिला पुलिस अधिकारियों के अनुसार देवली रोड पर स्थिति रिलेक्स ओयो होटल में एक युवक द्वारा फांसी लगाने की सूचना 12 व 13 मार्च की रात मिली थी। पुलिस को होटल की पहली मंजिल पर कमरा नंबर 101 में राहुल नाम का युवक लटका मिला।
जांच में पता लगा कि राहुल सौरभ के साथ 11 मार्च को होटल में रूका था ये दोनों 12 मार्च की सुबह होटल से चले गए थे। राहुल 12 मार्च की शाम पांच बजे होटल में फिर आ गया।
दक्षिण जिला पुलिस उपायुक्त चंदन चौधरी ने बताया कि राहुल के शव का मंगलवार को पोस्टमार्टम कराकर परिजनों को सौंप दिया है। नेबसराय थाना पुलिस मामले की जांच कर रही है। होटल एक वर्ष से गैर-कानूनी रूप से चल रहा था।
पुलिस को होटल में मिला फर्जी सिपाही
नेबसराय थाना पुलिस होटल में राहुल द्वारा फांसी की कॉल पर गई थी। पुलिस ने राहुल मामले की जांच के लिए सीसीटीवी फुटेज खंगालना शुरू किया। पुलिस को सीसीटीवी फुटेज में दिखा कि पुलिस की वर्दी पहने एक व्यक्ति होटल में घुस रहा है।
पुलिस को होटल कर्मियों से पूछताछ में पता लगा कि मंडोली निवासी नबाब सिंह नाम का यह व्यक्ति महिला के साथ होटल में ठहरा है। पूछताछ करने पर नबाब सिंह ने खुद को दिल्ली पुलिस को सिपाही बताया और ज्योति नगर थाने में तैनाती बताई। नबाब सिंह अपना परिचय पत्र नहीं दिखा पाया।
पता लगा कि नबाब सिंह शाहदरा जिले में सिविल डिफेंस कर्मी है। नेबसराय थाने में नबाब सिंह के खिलाफ पहचान बदलने का मामला दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया गया है।