देहात थाना क्षेत्र के गांव मुबारकपुर में रविवार देर शाम दो युवक गुपचुप तरीके से एक अधेड़ का अंतिम संस्कार कर रहे थे। सूचना मिलते ही पहुंची पुलिस ने शव को चिता से बाहर निकाला और पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। साथ ही अंतिम संस्कार कर रहे दो परिजनों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। मामले में देरशाम तक कोई तहरीर नहीं दी गई है। वहीं, पुलिस मामले में जांच के बाद कार्रवाई की बात कह रही है।
जानकारी के अनुसार देहात थाना क्षेत्र के गांव मुबारकपुर के जंगल में रविवार शाम दो युवक किसी व्यक्ति का अंतिम संस्कार कर रहे थे। इस दौरान वहां से गुजर रहे कुछ ग्रामीणों व राहगीरों ने संदेह होने पर थाना पुलिस को मामले की सूचना दी।
पुलिस सूचना मिलते ही मौके पर पहुंची और अंतिम संस्कार कर रहे युवकों से मृतक की मौत का कारण पूछा। जिस पर वह असहज हो गए। इसके बाद पुलिस ने शव को चिता से निकाला और अपने कब्जे में ले लिया।
हालांकि, तब तक शव को आग नहीं लग सकी थी। इसके बाद पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। साथ ही अंतिम संस्कार कर रहे दोनों युवकों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। जानकारी के अनुसार 45 वर्षीय मृतक नागेंद्र पुत्र इंदर सिंह मूल रूप से कानपुर जनपद के निवासी थे। करीब 10 वर्ष पूर्व वह गांव मुबारकपुर में आकर बसे थे। यहां पर अपने परिवार के साथ रह रहे थे।
रविवार दोपहर को उनकी संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। पुलिस के अनुसार अभी मामले में हत्या या आत्महत्या से संबंधित जानकारी जुटाई जा रही है। हालांकि, मृतक के गर्दन पर कुछ निशान मिले हैं, मामले में अभी तक किसी ने कोई तहरीर नहीं दी है।
मामले की गहनता से जांच पड़ताल की जा रही है। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। मृतक का अंतिम संस्कार कर रहे दो परिजनों को भी हिरासत में लेकर गहनता से पूछताछ की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के सही कारणों की जानकारी हो सकेगी। - सुरेश सिंह, क्षेत्राधिकारी