सात लाख लोगों से 37 अरब ठगने वाले मास्टर माइंड ने कंपनी के खाते से 40 करोड़ के बैंक ड्राफ्ट बनवा डाले, वो भी अपनी गिरफ्तारी के पहले। आगे पढ़ें पूरी खबर।
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सात लाख लोगों से 3700 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी करने के आरोपी अनुभव मित्तल ने कंपनी के खाते से 40 करोड़ रुपये के कुछ बैंक ड्राफ्ट बनवाए थे। इसके लिए यस बैंक में कंपनी के खातों का प्रयोग किया गया था।
ड्रॉफ्ट के लिए कंपनी के खाते से 40 करोड़ रुपये कट चुके थे। ये ड्राफ्ट किसी को दिए जाते, इससे पहले ही एसटीएफ ने अनुभव को गिरफ्तार कर लिया। लिहाजा, ये ड्राफ्ट अब भी बैंक के पास ही हैं।
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इसके लिए यस बैंक में कंपनी के खातों का प्रयोग किया गया था
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- फोटो : अमर उजाला
एसटीएफ ने इन्हें भी बैंक द्वारा फ्रीज करा दिया है। एसटीएफ के अनुसार, सभी बैंक ड्राफ्ट जनवरी के अंतिम सप्ताह में बनाए गए थे।
अनुभव को एसटीएफ द्वारा की जा रही जांच की भनक लगने के बाद उसने काली कमाई को ठिकाने लगाने के लिए ये बैंक ड्राफ्ट बनवाए थे।
मोटी रकम ऑनलाइन ट्रांसफर कने पर वह बैंक और जांच एजेंसियों की नजर में आ जाता, इसलिए उसने ड्राफ्ट के जरिये पैसे ठिकाने लगाने की योजना बनाई थी।
एबलेज का आईएसओ प्रमाण पत्र भी फर्जी निकला
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- फोटो : राजन राय
एसटीएफ अब ये जांच कर रही है कि ये बैंक ड्राफ्ट किन लोगों को और क्यों दिए जा रहे थे। एसटीएफ का अनुमान है कि इससे अनुभव के कुछ और राज सामने आ सकते हैं।
एबलेज और सोशल ट्रेड कंपनी का आईएसओ प्रमाण पत्र भी फर्जी निकला है। एसटीएफ के अनुसार, अनुभव ने सोशल मीडिया में जो आईएसओ 9001-2008 प्रमाण पत्र दिखाया है वह फर्जी है।
कंपनी ने ये प्रमाण पत्र सेक्टर-दो की कंपनी एलीट सर्टिफिकेशन द्वारा जारी करना बताया था। एलीट कंपनी ऑस्ट्रेलिया की कंपनी JAS-ANZ की एफिलेटेड कंपनी है। एलीट कंपनी ने एबलेज कंपनी द्वारा मानक कायम न रख पाने पर 16 अक्तूबर 2015 को ही प्रमाण पत्र निरस्त कर दिया गया था।
एबलेज के एक और बैंक खाते के 10 करोड़ फ्रीज
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- फोटो : राजन राय
एबलेज ने इसकी जानकारी निवेशकों को नहीं दी थी। प्रमाण पत्र निरस्त होने के बाद भी एबलेज इसे वर्ष 2017 तक के लिए अनुमन्य दिखा रही थी।एसटीएफ के डीएसपी राजकुमार मिश्रा ने बताया कि बृहस्पतिवार को एबलेज का आईसीआईसीआई बैंक में खाता होने की जानकारी मिली थी।
खाता चेक कराया गया तो उसमें दस करोड़ रुपये जमा थे, जिसे फ्रीज कर लिया गया है। इसके अलावा अनुभव ने गिरफ्तारी से ठीक पहले कंपनी के यस बैंक के खाते से पिता सुनील मित्तल के इंडियन बैंक के खाते में पांच करोड़ रुपये ट्रांसफर किए थे।
इस रकम को भी फ्रीज करा दिया गया है। एसटीएफ अब तक एबलेज व सोशल ट्रेड कंपनी के लगभग 630 करोड़ रुपये फ्रीज कर चुकी है। साथ ही, एसटीएफ को कंपनी की 12 करोड़ रुपये से ज्यादा कीमत की प्रॉपर्टी की भी जानकारी मिल चुकी है।
शनिवार को एबलेज व सोशल ट्रेड कंपनी के मालिक अनुभव मित्तल, सीईओ श्रीधर प्रसाद और तकनीकी प्रमुख महेश दयाल को लखनऊ की अदालत में पेश किया जाएगा।
प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने कोर्ट से तीनों आरोपियों को रिमांड पर लेने की अनुमति मांगी है। लखनऊ कोर्ट ने तीनों आरोपियों को 18 फरवरी को प्रस्तुत करने के लिए प्रोडक्शन वारंट गौतमबुद्धनगर की जिला पुलिस को भेजा है।
इससे पहले तीनों आरोपियों को 10 फरवरी को प्रोडक्शन वारंट पर लखनऊ कोर्ट में प्रस्तुत किया जाना था। एसटीएफ की रिमांड पर होने की वजह से कोर्ट ने प्रोडक्शन वारंट की तिथि बढ़ा दी थी। ईडी ने भी अपनी तरफ से आरोपियों के बैंक खातों में जमा 500 करोड़ रुपये से ज्यादा की रकम को फ्रीज करा दिया है।