लोकसभा चुनाव में अभी उम्मीदवार भले ही पदयात्रा और जनसंपर्क पर जोर दे रहे हैं, लेकिन पांच दिन बाद नामांकन प्रक्रिया शुरू होते ही राजधानी में चुनाव प्रचार के लिए हर माध्यम का इस्तेमाल जोरों पर होगा। इस दौरान चुनावी सभाओं का भी खूब आयोजन किया जाएगा। ऐसे में तय चुनावी सभा स्थल पर आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस (एआई) आधारित सीसीटीवी कैमरों से निगरानी की जाएगी।
इसके लिए 150 से अधिक कर्मियों को प्रशिक्षित किया जा चुका है। इससे सामान्य कैमरों के साथ एआई आधारित कैमरों से जानकारी पुलिस और निर्वाचन से जुड़े अधिकारियों तक पहुंचेगी। अधिकारियों ने बताया कि एआई आधारित कैमरों के जरिये निगरानी से यदि किसी कार्यक्रम में कोई गड़बड़ी होती है तो संदिग्ध को तत्काल पकड़ा जा सकेगा। पुलिस अपने पास मौजूद संदिग्धों के ब्योरे से मिलान भी कर पाएगी। मौजूद संदिग्धों के डाटा के जरिये चुनावी सभा के दौरान अगर कोई भी संदिग्ध वहां मौजूद होगा तो इसके जरिये एआई आधारित निष्कर्ष निकालना आसान हो जाएगा।
सभा स्थल पर मोबाइल कंट्रोल वाहन रहेगा तैनात
वीआईपी प्रचारकों के सभा स्थल पर मोबाइल कंट्रोल व कमांड वाहन तैनात किया जाएगा। इस वाहन में 360 डिग्री रेंज वाले कैमरों लगे होगें जो सभी दिशाओं से फीड लेने के लिए में सक्षम हैं। इस तकनीक को एआई आधारित बनाया गया है, जिसे संदिग्धों के डोजियर (आपराधिक रिकॉर्ड विवरण) से जोड़ा गया है। साथ ही, संदिग्धों के हावभाव पर भी नजर रखी जाएगी।
21 हजार वेब कैम के जरिये मतदान पर रहेगी नजर
राजधानी में 21 हजार वेब कैम के जरिये मतदान पर चुनाव आयोग की पैनी नजर होगी। प्रत्याशियों के नामांकन से लेकर मतगणना तक चुनाव की हर प्रक्रिया सीसीटीवी की निगरानी में होगी। दिल्ली में चुनाव में 13,713 मतदान केंद्र होंगे। चुनाव आयोग ने 50 प्रतिशत मतदान केंद्रों पर मतदान के लाइव वेब कास्ट का निर्देश दिया है। इस दिशानिर्देश के अनुसार दिल्ली में 6857 मतदान केंद्रों पर वेब कैम लगेंगे। वहीं, चुनाव के दौरान कुछ अतिरिक्त मतदान केंद्र तैयार रखे जाते हैं, इसलिए दिल्ली में मतदान के दिन 7000 मतदान केंद्रों का लाइव वेब कास्ट होगा।
यह रहेगी व्यवस्था
- वेब कास्ट के लिए चयनित मतदान केंद्र- 7000
- मतदान केंद्रों पर लगेंगे कुल वेब कैम- 21,000
- चुनावी प्रक्रिया से जुड़े कार्यालयों व अन्य जगहों पर लगेंगे कुल सीसीटीवी कैमरे- 1785
- सात आरओ आफिस में लगेंगे सीसीटीवी कैमरे-35
- मतदान से पहले जिस जगह ईवीएम व वीवीपैट तैयार करने के कक्ष में लगेंगे सीवीटीवी- 350
- स्ट्रांग रूम पर नजर के लिए लगेंगे सीसीटीवी कैमरे- 840
- मतगणना केंद्र पर लगेंगे सीसीटीवी कैमरे- 350
- दो स्तरीय निगरानी होगी : चुनावी प्रक्रिया पर नजर रखने के लिए राज्य व जिलास्तर पर दोस्तरीय निगरानी की व्यवस्था रहेगी। मुख्य निर्वाचन कार्यालय में राज्य कंट्रोल रूम और जिला निर्वाचन अधिकारी कार्यालय में जिला कंट्रोल रूम रहेगा। वेब कैम से लाइव वेब कास्ट के लिए मतदान केंद्रों पर एक से तीन आपरेटर तैनात किए जाएंगे। कैमरे में नाइट विजन की भी क्षमता होगी। इस वेब कास्ट के जरिये सीईओ और सभी निर्वाचन अधिकारी अपने कार्यालय में मतदान का लाइव प्रसारण देख सकेंगे।