लिफ्ट गिरने से सभी डर गए। शोर मचाकर मदद मांगी। साथ ही लिफ्ट के अंदर लगे आपातकालीन अलार्म और फोन कर मदद मांगी। आरोप है कि 15 मिनट तक उनकी मदद के लिए नहीं पहुंचा। इससे बच्चे और महिला काफी घबरा गए।
आखिर में 15 मिनट बाद एक सुरक्षाकर्मी मौके पर पहुंचा और लिफ्ट में फंसी महिलाओं और उनके बच्चों को बाहर निकाला। पीड़ितों ने बताया कि हादसे में किसी को चोट नहीं आई है, लेकिन सभी बुरी तरह घबरा गए है।
सोसायटी में आए दिन लिफ्ट गिरने या बंद होने की घटना हो रही है।
बार-बार बिल्डर से इसकी शिकायत की गई है, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं होती। पीड़ित परिजनों ने बिल्डर और लिफ्ट का मेंटेनेंस करने वाली कंपनी से इस घटना की शिकायत की है।
जब भी बिजली जाती है लिफ्ट जिस फ्लोर पर रहती है वहां से ग्राउंड पर आकर रुकती है। शुक्रवार को भी यही हुआ है। - मुशर्रफ, मेटेंनेस मैनेजर , इको विलेज-3