केंद्रीय मंत्री मेनका गांधी के एनजीओ पीपल फॉर एनीमल (पीएफए) व संजय गांधी एनीमल केयर सेंटर के खिलाफ एफआईआर के निर्देश को सत्र अदालत ने खारिज कर दिया है।
अदालत ने इन मुर्गियों की मौत के लिये एक हजार रुपये का जुर्माना लगाया है। निचली अदालत ने पीएफए व सेंटर के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने का निर्देश दिया था। पेश मामला ट्रक से जब्त की गयी चार हजार से ज्यादा मुर्गियों को उनके मालिकों को वापस न लौटाने से जुड़ा है।
मालिकों का आरोप था कि एनजीओ ने कोर्ट के आदेश के बाद भी उनकी मुर्गियां वापस नहीं कीं। सत्र अदालत ने पुनर्विचार याचिका पर सुनवाई के बाद एनजीओ व सेंटर को राहत प्रदान की है।
तीस हजारी स्थित अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश दिनेश भट्ट ने एनजीओ व सेंटर के बयान पर भरोसा करते हुये कहा कि याचिकाकर्ताओं की मंशा मुर्गियों को रीलीज करने संबंधी एमएम के निर्देश के उल्लंघन करने की नहीं थी।