विश्व पुस्तक मेले में बृहस्पतिवार को किन्नर लक्ष्मी भी पहुंचीं। वह अपनी किताब मी हिजड़ा, मी लक्ष्मी के लोकार्पण के मौके पर आई थीं। ऑक्सफोर्ड यूनिवर्सिटी प्रेस से प्रकाशित यह किताब ट्रांसजेंडर कार्यकर्ता तथा फिल्मी कलाकार, लक्ष्मी नारायण त्रिपाठी की जीवन गाथा है। कार्यक्रम में यूनाइटेड नेशंस प्रोग्राम ऑन एचआईवी एंड एड्स के निदेशक, स्टीव क्रॉस भी मौजूद थे।
पुस्तक की लेखिका लक्ष्मी नारायण त्रिपाठी ने बताया कि उनकी यह आत्मकथा सबसे पहले मराठी में प्रकाशित हुई। उसके बाद गुजराती और अब अंग्रेजी में भी उपलब्ध है। इस पुस्तक में लक्ष्मी के बचपन से अब तक के सफर का वर्णन है। इस मौके पर लक्ष्मी ने कहा कि इस पुस्तक के माध्यम से वह समाज में प्रेम और सम्मान पाना चाहती हैं। समाज में उन्हें बराबरी का हक मिले जो एक सामान्य नागरिक को मिलता है।