600 सीसीटीवी कैमरे और पेटीएम नंबर की जांच के बाद रोहिणी नार्थ थाना पुलिस ने अंबेडकर अस्पताल से अगवा चार माह के बच्चे को समयपुर बादली से सकुशल बरामद कर लिया। पुलिस ने बच्चे को अगवा करने की वारदात में शामिल तीन महिलाओं और बच्चे को अगवा करने वाले एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है।
छह फरवरी को पुलिस को अंबेडकर अस्पताल से चार माह के बच्चे के अगवा होने की जानकारी मिली थी। पुलिस टीम ने बच्चे की तलाश करने के लिए अस्पताल के साथ-साथ आसपास के इलाके के सीसीटीवी कैमरे को खंगाला। चार फुटेज में आरोपी कैद हो गया था।
मास्क पहने होने की वजह से उसकी पहचान नहीं हो पा रही थी। फुटेज की जांच में यह भी पता चला कि आरोपी एक दिन पहले से बच्चे को अगवा करने का अवसर तलाश रहा था। पुलिस भागने की दिशा में लगे 600 सीसीटीवी कैमरों की जांच कर आरोपी तक पहुंची।
आरोपी बच्चे को लेकर एक ई-रिक्शा से गया है। जांच में ई-रिक्शा की कंपनी और उसके नंबर का पता चला। कंपनी से संपर्क करने के बाद पुलिस ने नीले रंग की ई-रिक्शा की मालकिन रोहिणी निवासी मालती देवी का पता लगाया। मालती का पति रामेश्वर ई-रिक्शा चलाता था। रामेश्वर ने बताया कि उसने युवक को रोहिणी सेक्टर 18 के पार्क के पास छोड़ा था।
आरोपी महिला ने पुलिस को बताया कि उसकी 14, 12 और 10 साल की तीन बेटियां है। उसका कोई बेटा नहीं है। उसे एक बेेटे की चाह थी। इस बारे में उसने अपनी बहन को बताई। उसकी बहन ने टेली कॉलर का काम करने वाली युवती को इसके बारे में बताया। युवती ने अपने प्रेमी आलोक से बात की। आलोक 3.4 लाख रुपये लेकर बच्चे की व्यवस्था करने की बात कही। बच्चे की व्यवस्था करने के लिए राजी होने पर विधवा महिला ने उसे पैसे दे दिए। उसके बाद आलोक ने वारदात को अंजाम दिया।