आम आदमी पार्टी और बीजेपी में विज्ञापन को लेकर चल रहा विवाद लगातार बढ़ता जा रहा है। आप और बीजेपी इस मामले को लेकर अब आमने सामने आ गए हैं। बीजेपी ने इस मामले पर प्रेस कांफ्रेंस कर कहा है कि आप के डीएनए में अराजकता है। आप की सोच राष्ट्रविरोधी है और अब वो चुनाव आयोग से इसकी शिकायत करेंगे।
बीजेपी ने आरोप लगाया है कि आम आदमी पार्टी इससे जातिगत फायदा लेने के लिए राजनीति से जोड़ रही है। प्रेस कांफ्रेंस में केंद्रीय ऊर्जा मंत्री पियूष गोयल और दिल्ली प्रदेश अध्यक्ष सतीश उपाध्याय आप पर जमकर बरसे। उन्होंने विज्ञापन पर सफाई देते हुए कहा कि यह मात्र आप का डीएनए दिखाने के लिए एक राजनीतिक रूपक है। अब इस मामले पर नए तरह की राजनीति देखने को मिल रही है।
जहां एक ओर आम आदमी पार्टी बीजेपी की शिकायत करने चुनाव आयोग पहुंची, वहीं अब बीजेपी ने भी आप के खिलाफ चुनाव आयोग में शिकायत दर्ज कराई है।
चुनाव आयोग कार्यालय से बाहर निकलकर आप नेता पंकज गुप्ता ने कहा कि बीजेपी सारी सीमाएं पार कर चुकी हैं। उन्होंने आगे कहा कि बीजेपी ने भारतीय समाज के एक पूरे वर्ग को अपमानित किया है। गुप्ता ने बताया कि इलेक्शन कमिशन ने कहा है कि वह उचित कार्रवाई करेगी।
क्यों खड़ा हुआ विज्ञापन पर बवाल
दिल्ली चुनाव में मात्र 5 दिन रह गए हैं और राजधानी में चुनाव की सरगर्मी बढ़ती ही जा रही है। इसी कड़ी में आज भाजपा के एक विज्ञापन ने इतना तहलका मचा दिया है कि अरविंद केजरीवाल ने भाजपा के खिलाफ चुनाव आयोग जाने का फैसला कर लिया है।
गौरतलब है कि अरविंद केजरीवाल ने यह निर्णय भाजपा के एक विज्ञापन छपने के बाद लिया है। इस विज्ञापन में भाजपा ने अरविंद केजरीवाल को धरने देने के लिए 'उपद्रवी गोत्र' का बताया है।
केजरीवाल ने उपद्रवी संबोधन को पूरे अग्रवाल समाज के खिलाफ हुआ कमेंट बताते हुए भाजपा के खिलाफ चुनाव आयोग में जाने का निर्णय लिया है। केजरीवाल ने कहा कि 'भाजपा को पूरे अग्रवाल समाज से माफी मांगनी ही होगी। हम चुनाव आयोग में जाएंगे और दिल्ली की जनता इन्हें 7 फरवरी को जवाब देगी।'
बीजेपी द्वारा दिल्ली चुनाव के तहत छापे जा रहे विज्ञापनों को लेकर आज अरविंद केजरीवाल ने कौशांबी स्थित कार्यालय में पार्टी के सभी वरिष्ठ नेताओं की बैठक बुलाई है। कहा जा रहा है कि इस बैठक के बाद आम आदमी पार्टी बीजेपी के खिलाफ चुनाव आयोग में शिकायत दर्ज करा सकती है।
भाजपा के विज्ञापन में केजरीवाल के बच्चे भी
केजरीवाल ने बीजेपी के इस विज्ञापन पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि बीजेपी ने अपने पहले विज्ञापन में मेरे बच्चों को घसीटा, पर मैं चुप रहा। मैंने इसलिए कुछ नहीं कहा क्योंकि अन्ना जी कहते हैं कि अपना अपमान पीने की शक्ति होनी चाहिए।
केजरीवाल ने आगे कहा कि बीजेपी अपने विज्ञापनों के माध्यम से मुझपर लगातार हमले कर रही है। लेकिन आज बीजेपी ने मुझे नहीं पूरे अग्रवाल समाज को उपद्रवी कहा है।
उन्होंने आगे कहा कि बीजेपी को मुझसे परेशानी हो सकती है लेकिन पूरे अग्रवाल समाज को उपद्रवी कहना ठीक नहीं है।
'यही है बीजेपी का असली चेहरा'
विज्ञापन विवाद के बढ़ने के बाद आप नेता आशुतोष ने कहा है कि 'बीजेपी इस चुनाव में काफी नीचे स्तर पर उतर आई है। उन्होंने अरविंद केजरीवाल के पूरे समुदाय को गाली दी है।'
आशुतोष बोले कि बीजेपी को इस विज्ञापन को 2 घंटे के अंदर वापस लेकर सार्वजनिक रूप से माफी मांगनी होगी अन्यथा हमें उनके खिलाफ कार्रवाई को बाध्य होना पड़ेगा।
विज्ञापन विवाद पर बीजेपी के नलिन कोहली का कहना है कि आम आदमी पार्टी हर बात को अपने उपर ले लेती है। अगर वो समीक्षा करें तो उन्हें खुद में कई कमियां दिखाई देंगी।
विज्ञापन विवाद पर कांग्रेस के अभिषेक मनु सिंघवी ने कहा है कि अब ये बात साफ देखी जा सकती है कि बीजेपी अपने विज्ञापन के माध्यम से समाज को जाति, समुदाय और धर्म के नाम पर बांट रही है। यही बीजेपी का असली चेहरा है।
आप नेता कुमार विश्वास इस बारे में बोले कि मुझे दिल्ली के लोगों पर विश्वास है कि वो 7 फरवरी को पर्सनल अटैक करने वालों का जरूर जवाब देंगे।
भाजपा नेता एमजे अकबर ने विज्ञापन पर सफाई देते हुए कहा कि यह विज्ञापन धरना मास्टर के बारे में है। यह विज्ञापन किसी खास जाति के बारे में नहीं है बल्कि सरकार को किस तरह अराजक बनाया जाता है उसके बारे में है।