नेशनल हेराल्ड केस में आज भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस की अध्यक्ष सोनिया गांधी और पार्टी के उपाध्यक्ष राहुल गांधी सहित छह बड़ी हस्तियों को दिल्ली की एक मेट्रोपोलिटन कोर्ट में पेश होना है।
इस मामले की सुनवाई करने वाले मेट्रोपोलिटन मैजिस्ट्रेट लवलीन सिंह का कैरियर भी उतना ही दिलचस्प है। वैसे तो लवलीन का जज के तौर पर अनुभव महज सात साल का ही है लेकिन, इस थोड़े से समय में ही उन्होंने दिल्ली के लीगल सर्किट में अपना सिक्का जमा लिया है।
दिल्ली में कानूनी जानकारों के बीच लवलीन अपने काम के प्रति अपनी प्रतिबद्घ और ईमानदार जज के तौर पर जाने जाते हैं। हालांकि इस केस में सभी को गोमती मनोचा ने पहली बार समन जारी किया था।
हरियाणा के करनाल की रहने वाले एमएम लवलीन ने इसी साल एक अक्टूबर को पटियाल हाउस कोर्ट के जज के तौर पर अपनी पारी शुरु की। इससे पहले दो साल तक वह दिल्ली के ही साकेत जिला न्यायालय में दो साल तक अपनी सेवा दे चुके हैं।
हरियाणा में करते थे आपराधिक मामलों की सुनवाई
लवलीन ने आठ अक्टूबर को पहली बार नेशनल हेराल्ड केस की सुनवाई की थी। हालांकि उस दिन छह में से कोई भी आरोपी कोर्ट में पेश नहीं हुआ था।
असल में इस मामले में आरोपी छह आरोपियों ने विभिन्न आधारों पर कोर्ट में पेशी के लिए कुछ समय मांगा था जिसे जज एमएम लवलीन ने स्वीकार करते हुए 19 अक्टूबर को पेश होने का आदेश दिया था।
जज के तौर पर दिल्ली में अपना कैरियर शुरु करने से पहले लवलीन ने हरियाणा की अदालतों में भी जज के तौर पर काम किया है। हरियाणा में लवलीन आपराधिका मामलों की सुनवाई करते थे।
वकीलों में भी लोकपिय्र हैं जज लवलीन
दिल्ली के न्यायिक क्षेत्र में अपने उदार स्वभाव के लिए पहचान रखने वाली लवलीन के बारे में ये बात भी प्रचलित है कि उन्होंने अपने कैरियर में मुश्किल से ही कोई अवकाश लिया है।
बेहद मृदुल स्वभाव वाली लवलीन को केवल उनके समकक्ष जज या उनके सहयोगी ही नहीं बल्कि दिल्ली के वकील भी उन्हें उतना ही पसंद करते हैं।
दिल्ली के न्यायिक क्षेत्र में अपने उदार स्वभाव के लिए पहचान रखने वाली लवलीन के बारे में ये बात भी प्रचलित है कि उन्होंने अपने कैरियर में मुश्किल से ही कोई अवकाश लिया है।
बेहद मृदुल स्वभाव वाली लवलीन को केवल उनके समकक्ष जज या उनके सहयोगी ही नहीं बल्कि दिल्ली के वकील भी उन्हें उतना ही पसंद करते हैं।
हालांकि, शनिवार को जब राहुल गांधी और सोनिया गांधी सहित पांचो आरोपी लवलीन के कोर्ट में पेश हुए तो उन्होंने पांच मिनट की सुनवाई के बाद ही आरोपियों को जमानत दे दी। अब इस मामले की अगली सुनवाई 20 फरवरी को होगी।