देश की दूसरी उच्चवरीयता प्राप्त यूनिवर्सिटी जेएनयू में रविवार रात जिस तरह नकाबपोश गुंडों ने कहर ढाया, उसने पूरे देश को झकझोर दिया है। इस घटना के बाद से वह लोग भी अपनी आवाज बुलंद कर रहे हैं, जो अन्य बातों पर मौन रखते हैं।
इन लोगों में न सिर्फ समाज के विभिन्न वर्गों के लोग हैं, बल्कि जेएनयू के प्रोफेसर और कई पूर्व छात्र भी हैं। जेएनयू के अंदर घुसकर जिस तरह से चार घंटे तक हिंसा हुई उससे जेएनयू के प्रोफेसर चंद्रशेखर भी बेहद आहत हैं।
प्रोफेसर चंद्रशेखर इस घटना से इतने हिल गए हैं कि उन्होंने केंद्र सरकार की सांख्यिकी कमेटी से इस्तीफा दे दिया है। उन्होंने अपने इस्तीफे की वजह जेएनूय में हुई हिंसा को ही बताया है।
गौरतलब है कि रविवार(5 जनवरी) की रात जिस तरह का रुख पुलिस और जेएनयू प्रशासन ने अपनाया वह कई गंभीर सवाल खड़े करता है। हर कोई इसी की निंदा कर रहा है।