टैटू आर्टिस्ट खुदकुशी मामले में पुलिस ने उसके पूर्व बिजनेस पार्टनर ईश्वर सिंह को गिरफ्तार कर लिया है। ईश्वर और टैटू आर्टिस्ट नरेश के बीच लेनदेन का का मामला कोर्ट में था। मामले में बुधवार को सुनवाई होनी थी। उससे पहले ही मंगलवार रात को नरेश ने आत्महत्या कर ली।
अपने सुसाइड नोट में उसने ईश्वर और अपने मकान मालिक अनिल बैंसला पर आत्महत्या के लिए उकसाने का आरोप लगाया था। बुधवार को ईश्वर सिंह कोर्ट केस जीत गया। लेकिन पुलिस ने आत्महत्या के लिए उकसाने के मामले में उसे गिरफ्तार कर जेल भेज दिया।
इससे पहले बुधवार को नरेश के परिजनों ने उसका शव लेने से इनकार कर दिया था। अस्पताल के शवगृह में एक दिन तक उसका शव रखा रहा। पुलिस के बहुत समझाने के बाद परिजन मान गए।
अहम है कि टैट आर्टिस्ट नरेश के लैपटॉप में सुसाइड नोट मिला था जिसमें उसने अपने पूर्व पार्टनर ईश्वर सिंह व अपने दुकान मालिक अनिल बैंसला को अपनी मौत के लिए जिम्मेदार ठहराया है। नरेश ने ईश्वर सिंह के साथ वर्ष 2015 में बिजनेस शुरू किया था। वर्ष 2016 में दोनों अलग हो गए थे।
ईश्वर ने नरेश को 3.23 लाख रुपये दिए थे। ईश्वर ने जब पैसे वापस मांगे तो नरेश ने देने से मना कर दिया। इस पर ईश्वर कोर्ट चला गया था। नरेश ने उसे एक लाख का चेक दिया था, जो बाउंस हो गया था। ईश्वर कोर्ट में कोर्ट में केस जीत गया था। कोर्ट के आदेश पर नरेश को ईश्वर सिंह को 3.83 लाख रुपये देने थे।
वहीं नरेश ने साउथ एक्स में अनिल बैंसला की दुकान किराए पर ले रखी थी। नरेश ने अनिल को भी आठ महीने से किराया नहीं दिया था। अनिल बैंसला ने उसे किराए देने के लिए कानूनी नोटिस दे रखा था। नरेश इससे भी परेशान था।
दक्षिण जिला पुलिस अधिकारियों के अनुसार पुलिस ने नरेश के परिजनों की शिकायत पर खुदकुशी के लिए मजबूर करने का मामला दर्जकर बृहस्पतिवार को ईश्वर सिंह को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस अनिल बैंसला की तलाश कर रही है।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार लैपटॉप में मिले सुसाइड नोट में नरेश ने अपनी मौत के लिए दोनों को जिम्मेदार ठहराया है। नरेश ने सुसाइड नोट में ये भी लिखा था कि उसने ईश्वर सिंह को सारे पैसे दे दिए थे।