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ACP का ये खास शौक उठा सकता है उनकी मौत के राज से पर्दा

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बिहार के छपरा जिले के रहने वाले अमित सिंह ने हाईस्कूल की पढ़ाई सारण के एकेडमी स्कूल और 12वीं की पढ़ाई जगदम कॉलेज से पूरी की। वे चार भाई व बहनों में सबसे छोटे थे।
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दिल्ली यूनिवर्सिटी से स्नातक करने के बाद मुखर्जी नगर, दिल्ली में रहकर उन्होंने सिविल सर्विस की तैयारी की और दानिप्स (दिल्ली, अंडमान-निकोबार आईलैंड पुलिस सर्विस) के जरिये 2008 में दिल्ली पुलिस में एसीपी के पद पर तैनाती हुई। अमित सिंह को इलेक्ट्रानिक गैजेट्स का काफी शौक था।

सोमवार को जब वह नोएडा स्थित अपने फ्लैट पहुंचे, तब तक सब कुछ सामान्य था। वह हमेशा अपने साथ आईफोन  रखते थे। किसी बात को लेकर उनकी पत्नी डॉ. सरिता से उनका झगड़ा हुआ।
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वो आईफोन लेकर बेडरूम में चले गए

बात इतनी बढ़ गई कि वह अपना आईफोन मोबाइल लेकर बेडरूम में चले गए, जबकि उन्होंने अपना लैपटॉप डायनिंग रूम में ही छोड़ दिया था। कमरे का लॉक लगाते ही सरिता को एहसास हुआ कि अमित कोई गलत कदम उठा सकते हैं।

हुआ भी ऐसा ही, अमित ने अपनी कनपटी पर सर्विस पिस्टल से गोली चला दी। मौके पर नोएडा पुलिस के अधिकारी पहुंचे। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर अमित का आईफोन, एचटीसी मोबाइल व लैपटॉप कब्जे में लेकर पूरा फ्लैट सील कर दिया।

फिलहाल फ्लैट के मेन गेट पर नोएडा पुलिस ने सील लगा दी है। जांच अधिकारी के कब्जे में एसीपी अमित सिंह का आईफोन, मोबाइल और लैपटॉप है, जिससे राज खुलने की उम्मीद है। डॉक्टरों ने पुलिस को आगाह कर दिया है कि आने वाले 48 घंटे डॉ. सरिता के लिए काफी नाजुक हैं। फिलहाल वह बयान नहीं दे सकतीं।

बेड के पास से मिली बुलेट और पिस्टल

पुलिस ने बताया कि एसीपी अमित ने सर्विस पिस्टल से कनपटी पर सटाकर गोली मारी थी, जिससे बुलेट भेजा उड़ाते हुए आर-पार हो गई थी। बेड के पास से बुलेट और पिस्टल बरामद की गई है।

वहीं पोस्टमार्टम करने वाले डॉक्टरों के मुताबिक गोली से अमित का स्कल उड़ गया था। बोन सारे फट चुके थे। विसरा सुरक्षित रख लिया गया है, जिससे अन्य जांच में मदद मिलेगी।

एसीपी के फेसबुक प्रोफाइल में कुल 475 फ्रेंड्स हैं। रात 11 बजे के बाद जैसे ही अखबारों की वेबसाइट, टीवी चैनल और सोशल मीडिया में अमित सिंह की खुदकुशी की खबर फैली, उसके बाद से लोग अमित के फेसबुक वॉल पर दुख भरे मैसेज लिख पीड़ा व्यक्त करने लगे।

कई लोगों ने अमित को अपना आईकॉन बताया तो कई ने उन्हें मिस करने का संदेश लिखा। कई लोगों ने फेसबुक वॉल पर यह भी लिखा कि उन्हें ऐसा कदम नहीं उठाना चाहिए था।
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18 माह की काव्या की चिंता

अमित सिंह की बच्ची काव्या 18 माह की है। लोगों ने अमित सिंह द्वारा खुदकुशी करने और पत्नी डॉ. सरिता द्वारा खुदकुशी के प्रयास करने की घटना को काफी दुखद बताया।

अस्पताल पहुंचे लोग व लोटस बॉउलवर्ल्ड सोसाइटी के कुछ लोगों का कहना था कि अमित और सरिता ने ऐसा करने से पहले मासूम बेटी के बारे में जरा सा भी नहीं सोचा।

घटना के बाद काव्या पड़ोसी एल के शर्मा के पास थी। उस बच्ची को तो यह भी पता नहीं कि उसके पिता इस दुनिया में नहीं रहे और मां जिंदगी और मौत के बीच झूल रही है। अमित के साले पास के ही एटीएस सोसाइटी में रहते हैं। फिलहाल काव्या उनके पास है।
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