प्रसाद नगर इलाके में जर्मनी की 19 वर्षीय युवती के साथ रेप करने का मामला पुलिस ने दर्ज कर लिया है, लेकिन दिल्ली महिला आयोग की चूक की वजह से इस मामले के कई सबूत नष्ट हो चुके हैं।
हालांकि पुलिस का दावा है कि पुलिस ने चार टीम बनाकर मामले की जांच शुरू कर दी है और पूरी घटना को रीक्रिएट किया जा रहा है। पुलिस सूत्रों का कहना है कि पीड़िता ने 5 फरवरी को दिल्ली महिला आयोग को ई-मेल कर घटना की जानकारी द दी थी।
लेकिन महिला आयोग ने पुलिस को सूचना देने में 14 दिन की देरी कर दी। पुलिस अधिकारियों का मानना है कि शिकायत मिलने में हुई देरी से इस मामले की महत्वपूर्ण सबूत नष्ट हो चुके हैं।
जिसमें इलाके के सीसीटीवी फुटेज व पीड़िता की मेमोरी सहित अन्य सबूत शामिल हैं। वहीं जानकारों का मानना है कि शिकायत मिलने के बाद चूंकि पीड़िता महाराष्ट्र में थी, इसलिए दिल्ली महिला आयोग को महाराष्ट्र महिला आयोग से संपर्क करना चाहिए था।