कोरोना काल में संक्रमण से यात्रियों के बचाव के लिए बसों में ट्रायल एक महीने के लिए बढ़ा दी गई है। दिल्ली सरकार की पहल आईआईआईटी के सहयोग से एक एप तैयार किया गया है। इस एप के जरिए क्यूआर कोड कर कैशलेस ट्रांजेक्शन कर यात्री टिकट पर सफर कर सकेंगे।
सात नवंबर से अलग-अलग रूट पर 180 से अधिक बसों में किया जाएगा ताकि इस सुविधा की शुरुआत होने पर यात्रियों को किसी तरह की परेशानी ना आए। सितंबर में एक हफ्ते के लिए रूट नंबर 534 पर 29 वर्षों में कांटेक्टलेस टिकट के लिए ट्रायल शुरू किया गया। इसके बाद दूसरे चरण में 31 अक्तूबर तक यात्रियों को जागरूक करने के साथ-साथ उनसे इस सुविधा के बारे में फीडबैक के लिए गए।
इस दौरान कमियों को भी दूर किया गया।कॉन्टेक्टलेस टिकट पर सफर करने के लिए यात्रियों को चार्टआर ऐप डाउनलोड करना होगा।इसके बाद क्यूआर कोड को स्कैन कर डेबिट, क्रेडिट कार्ड सहित अन्य पेमेंट गेटवे के जरिए कैशलैस ट्रांजेक्शन कर सकेंगे।
तीसरे चरण का ट्रायल रूट संख्या 534, 543, 971 सहित 6 अलग-अलग रूट की बसों में किया जाएगा। इसकी सफलता के बाद सभी बसों में कांटेक्टलेस टिकट प्रणाली को लागू किया जाएगा।