बिसाहड़ा गांव में इकलाख हत्याकांड मामले में सूरजपुर न्यायालय अपर सत्र न्यायाधीश/त्वरित न्यायालय प्रथम की अदालत ने सुनवाई के दौरान मंगलवार को बचाव पक्ष की अर्जी स्वीकार कर ली है।
अर्जी में बचाव पक्ष ने अभियोजन पक्ष से आरोपपत्र के साथ संलग्न न किए कुछ सबूतों पर जवाब मांगा है। मामले में न्यायाधीश ने इकलाख पक्ष को जवाब हां या न में दाखिल करने के लिए बीस दिन का समय दिया है।
बचाव पक्ष के अधिवक्ता एचआर सिंह व राम शरण नागर ने बताया कि इकलाख पक्ष से पूछा गया था कि मथुरा की फोरेंसिक रिपोर्ट, इकलाख की चिकित्सा रिपोर्ट, घायल दानिश की कैलाश व आर्मी अस्पताल में इलाज की रिपोर्ट व धारा-164 के तहत शाइस्ता के दर्ज किए गए बयानों पर उन्हें विश्वास है या नहीं।
बचाव पक्ष का कहना है कि यह सभी सबूत आरोपपत्र के साथ संलग्न नहीं किए गए हैं। वहीं, इकलाख पक्ष के अधिवक्ता यूसुफ सैफी ने बताया कि जवाब जल्द ही कोर्ट में शामिल करेंगे, ताकि 22 मई को कोर्ट में सुनवाई हो सके।