2024 में हुए 611 दोपहिया चालकों की मौत
दिल्ली ट्रैफिक पुलिस में तैनात अतिरिक्त पुलिस आयुक्त सत्यवीर कटारा की ओर से ये लैटर हाल ही में लिखा गया है। अमर उजाला के पास इस लैटर की एक प्रति है। इस लैटर में कहा गया है कि दोपहिया वाहन चालक सड़क पर सबसे अधिक असुरक्षित होते हैं। वर्ष 2024 के दौरान, सड़क दुर्घटनाओं में कुल 611 दोपहिया वाहन चालकों की मौत हुई, जबकि 2233 घायल हुए। सड़क दुर्घटना के मामलों में दोपहिया वाहन चालकों के मारे जाने या गंभीर रूप से घायल होने की संभावना अन्य वाहनों के चालकों/यात्रियों की तुलना में बहुत अधिक होती है।
ये भी पढ़ेंः Metro Timing on Holi: होली के दिन बदला रहेगा दिल्ली मेट्रो का समय, DMRC ने जारी की समय सारिणी
अच्छा क्वालिटी का पहने हेलमेट
दोपहिया वाहन चालक द्वारा अच्छी गुणवत्ता वाला सुरक्षात्मक हेडगियर/हेलमेट पहनने से उनके जीवित रहने की संभावना काफी हद तक बढ़ जाती है और सवारों की जान जाने/गंभीर चोटों से बचने में मदद मिलती है। मोटर वाहन अधिनियम, 1988 की धारा 129 के अनुसार, चार वर्ष से अधिक आयु का प्रत्येक व्यक्ति मोटर साइकिल चलाते या सवारी करते समय ऐसा सुरक्षात्मक हेडगियर पहनना जरूरी है जो केंद्र सरकार द्वारा निर्धारित मानकों के अनुरूप हो।
कैसा हेलमेट होना चाहिए
- ऐसा हेलमेट होना चाहिए जो अपने आकार, सामग्री और निर्माण के आधार पर, दुर्घटना की स्थिति में मोटरसाइकिल चलाने या सवारी करने वाले व्यक्ति को चोट से बचा सके।
- हेलमेट को गले में बांधने वाली पट्टियों या अन्य फास्टनिंग्स के माध्यम से पहनने वाले के सिर पर सुरक्षित रूप से बंधा हुआ हो।
क्या है जुर्माना
मोटर वाहन अधिनियम, 1988 की धारा 129 का उल्लंघन मोटर वाहन अधिनियम, 1988 की धारा 194 एक के तहत दंडनीय है। 14 मार्च 20 को दिल्ली राजपत्र में प्रकाशन के तहत जुर्माना राशि 1,000 रुपये है। इसके अलावा, मोटर वाहन अधिनियम, 1988 की धारा 206 की उप-धारा 4 के अनुसार आरोपी सवार का लाइसेंस जब्त किया जा सकता है और धारा 19 के तहत लाइसेंस रद्द करने के लिए भेजा जा सकता है।
पुलिस ने चलाया अभियान
अतिरिक्त पुलिस आयुक्त सत्य वीर कटारा ने बताया कि लापरवाही से हेलमेट पहनने व पट्टी से बांधकर हेलमेट नहीं पहनने वालों के खिलाफ अभियान शुरू किया गया है। साथ ही सभी रेंज पुलिस उपायुक्त, जिला एसीपी व टीआई को पत्र लिखा गया है। इस पर सख्ती से अमल करवाने के आदेश दिए गए हैं।