दक्षिण-पूर्व जिले के वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने बताया कि कश्मीरी गेट के पास जब उसने ऑटो लिया तो वहां से पुलिस की जांच ऑटो पर जांच टिक गई। इसके बाद पुलिस ने ऑटो की डिटेल खंगाला शुरू किया। पुलिस ने कश्मीरी गेट से लेकर आईटीओ तक करीब 150 ऑटो की डिटेल खंगाली। यहां पर पुलिस को आरोपी के ऑटो का नंबर मिल गया। यहां पर आरोपी प्रभु का ऑटो सीसीटीवी में कैद हो गया। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, पुलिस ने करीब 3500 से ज्यादा सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली थी।
महिला सिपाही संगीता को जब सोशल वर्कर बनाकर एम्स में पीड़िता के पास भेजा गया तो वह केयरटेकर/नर्स बनी थी। वह कुछ ही घंटे में पीड़िता से घुल-मिल गई। दोस्ती होने पर पीड़िता ने धीरे-धीरे अपने साथ हुई दरिंदगी को बताना शुरू कर दिया। उसने इतना ही बताया कि तीन लोग, गलत बात, एक आरोपी विकलांग व ऑटो..। इन शब्दों के सहारे जांच करते करते दक्षिण-पूर्व जिले का वाहन चोरी निरोधक दस्ता (एएटीएस) आरोपियों तक पहुंच गया। हालांकि अभी ये पूरी तरह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि पीड़िता को कितनी चोट व खरोंचें लगी हैं। पीड़िता के निजी अंगो का ऑपरेशन जरूर हुआ है।
यह है पीड़िता के साथ हुआ घटनाक्रम
-जुलाई में किशनगढ़ थाना इलाके से पुरानी दिल्ली रेलवे स्टेशन पहुंची।
-यहां वह प्रतीक्षा कक्ष में करीब डेढ़ महीने रही।
-यहां पहली बार सीसीटीवी में दिखाई दी।
-10 अक्तबूर की सुबह वह पुरानी दिल्ली रेलवे स्टेशन से बाहर निकली।
-पुलिस को पीड़िता के बारे में पहली बार पता लगा कि वह यहां रहती है।
-कई ऑटो बदलकर वह आईटीओ पहुंची।
-यहां से पैदल ही कश्मीरी गेट बस अड्डे की तरफ गई।
-यहां से उसने आईटीओ तक 8/10 ऑटो लिए।
-वह एक ऑटो में बैठती, जब पैसे नहीं देती तो चालक उसे नीचे उतर देता था।
-आईटीओ से ऑटो चालक प्रभु उसे राजघाट की तरफ गांधी स्मृति वाले सर्विस रोड पर ले गया।
-दरिंदगी होने के बाद पीड़िता अर्धनग्न अवस्था में पैदल ही राजधाट से आईटीओ फ्लाईओवर के बगल से आईपी डिपो, भैरो रोड-रिंग रोड़ होते हुए सराय काले खां पहुंची।
-सराय काले खां में इंद्रप्रस्थ पार्क के पास नौ सेना के अधिकारी ने देखकर पुलिस को सूचना दी।