फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Cyber Crime : हाईकोर्ट की वकील को नौ दिनों तक बनाए रखा डिजिटल अरेस्ट, ठग लिए 3.29 करोड़; FD तक तुड़वाई

Thu, 03 Jul 2025 03:42 AM IST
दुष्यंत शर्मा अमर उजाला नेटवर्क, नोएडा

सार

जैसे फोन उठाया,  आवाज आई कि आपका नाम अवैध हथियारों की तस्करी, ब्लैकमेलिंग और जुआ में आया है। इसमें आपका आधार नंबर और बैंक खाते इस्तेमाल हो रहे हैं।
विज्ञापन
demo - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

दिल्ली हाईकोर्ट की वकील सेक्टर-47 निवासी महिला (72) के लैंडलाइन की घंटी 10 जून को बजी। उन्होंने जैसे फोन उठाया,  आवाज आई कि आपका नाम अवैध हथियारों की तस्करी, ब्लैकमेलिंग और जुआ में आया है। इसमें आपका आधार नंबर और बैंक खाते इस्तेमाल हो रहे हैं। इससे वह डर गईं। कॉलर ने उन्हें नौ दिनों तक डिजिटल अरेस्ट रखा। जब तक उन्हें पता चला कि यह जालसाजों की चाल है, तब तक उनके हाथ से 3.29 करोड़ रुपये निकल चुके थे।

विज्ञापन


जालसाजों ने उन्हें व्हाट्सएप कॉल पर डिजिटल अरेस्ट रखा और इस दौरान पांच अलग-अलग खातों में रकम मंगवाई। उनकी शिकायत पर साइबर थाने में मुकदमा दर्ज हुआ है। कॉल करने वाले ने पीड़िता से कहा कि वह भारत सरकार की एजेंसी से बात कर रहा है। मामले में जेल भी जाना पड़ सकता है। इस मामले में 25 अप्रैल को केस दर्ज हो चुका है। 

इसके बाद ठगों ने शख्स को लाइन पर लिया और कहा कि इस मामले में एनओसी वही देंगे। इसके बाद जालसाजों ने व्हाट्सएप पर वीडियो कॉल कर बात की। इसमें बैकग्राउंड में कुछ लोग पुलिस वर्दी में थे और पीछे का हिस्सा थाने जैसा लग रहा था। पूछताछ के क्रम में महिला के बैंक खातों और उसमें जमा राशि के बारे में जानकारी ली। 
विज्ञापन


एफडी तोड़वाकर मंगाई रकम
ठगों ने महिला से कहा कि अपनी एफडी तुड़वा लें और सारी रकम बताए गए खाते में ट्रांसफर कर दें। जालसाजों ने क्लीन चिट मिलने पर पूरी रकम वापस करने का वादा किया। इसके बाद महिला परेशान हो गईं।

इसके बाद नौ दिन तक जालसाजों ने उन्हें डिजिटल अरेस्ट रखा और किसी को जानकारी न देने की हिदायत दी। महिला ने जालसाजों के बताए गए खाते में 3.29 करोड़ रुपये ट्रांसफर कर दिए। आरोपियों ने अपना नाम शिव प्रसाद, प्रदीप सावंत और प्रवीण सूद बताया था। 
विज्ञापन

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें