दिल्ली सरकार ने हाईकोर्ट को बताया कि 21 संसदीय सचिवों की नियुक्ति से संबंधित मामला चुनाव आयोग के पास लंबित है और बृहस्पतिवार को सुनवाई तय है।
अदालत ने इस तर्क के आधार पर संसदीय सचिवों को चुनौती देने वाली याचिका पर सुनवाई स्थगित कर दी है। दायर याचिका में इन नियुक्तियों को संविधान के खिलाफ बताते हुए तुरंत रद्द करने का आग्रह किया गया है।
मुख्य न्यायाधीश जी रोहिणी व न्यायमूर्ति संगीता ढींगरा सहगल की खंडपीठ के समक्ष दिल्ली सरकार के अधिवक्ता ने बताया कि आप विधायकों को
अयोग्य ठहराने के संबंध में याचिका दायर की गई थी।
ऐसे में चुनाव आयोग में सुनवाई के ध्यानार्थ कम से कम चार सप्ताह बाद इस जनहित याचिका पर सुनवाई की जाए। अदालत ने मामले की सुनवाई 8 सितंबर तय की है।